Home Blog Page 209

विधानसभा अध्यक्ष की यात्रा शुरू होने से पहले चोरी हो गई सायकल

0

भोपाल: विधानसभा अध्यक्ष गिरीश गौतम की आज से शुरू होने वाली यात्रा के पहले
ट्रेन से भोपाल से रीवा ले जाई जा रही सायकल किसी ने चलती ट्रेन से पार कर दी। अब इस मामले में रीवा से भोपाल तक हड़कम्प मचा है पर सायकल चोरी होने की रिपोर्ट दर्ज नहीं कराई गई है।

रीवा में भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष वीडी शर्मा ने पुरवा पड़रिया गांव से आज विधानसभा अध्यक्ष गौतम की सायकल यात्रा को हरी झंडी दिखाई है। देवतालाब से विधायक और विधानसभा अध्यक्ष गिरीश गौतम रविवार से अपने क्षेत्र में जन संपर्क के लिए सायकल यात्रा पर निकले हैं।

सात दिन तक चलने वाली इस यात्रा का समापन देवतालाब में 31 अक्टूबर को होगा और इस कार्यक्रम में मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान भी शामिल होंगे। इसके पहले इस यात्रा में उस सायकल के चोरी होने के कारण हड़कंप मच गया जिसे विधानसभा अध्यक्ष चलाकर गांवों में पहुंचने वाले थे।

बताया गया कि अध्यक्ष ने दो सायकल इसके लिए खरीदकर रखीं थीं। इसमें एक रीवा में और दूसरी भोपाल में थी। भोपाल की सायकल को गांव की यात्रा के दौरान बैकअप के रूप में रखना था। इसी कारण कल जब विधानसभा अध्यक्ष रेवांचल एक्सप्रेस से रीवा के लिए रवाना हुए तो सायकल को भी ट्रेन से रीवा ले जाने के लिए लाया गया। इस बीच भोपाल से बीना के बीच ट्रेन से सायकल चोरी हो गई।

इसकी जानकारी मिलने पर बीना में विधानसभा अध्यक्ष गौतम ने रेलवे अधिकारियों से शिकायत भी की लेकिन घटना की रिपोर्ट अध्यक्ष की ओर से दर्ज नहीं कराई गई है। विधानसभा अध्यक्ष के निज सचिव अवधेश तिवारी ने ट्रेन से सायकल चोरी होने की घटना की पुष्टि की है।

दूसरी ओर रीवा जीआरपी के प्रभारी बृजेश सिंह का कहना है कि उन्हें भी सायकल चोरी होने की जानकारी दी गई है पर घटना की रिपोर्ट दर्ज नहीं कराए जाने से इसके बारे में उन्हें ज्यादा जानकारी नहीं है।

भाजपा से कई वादे लेकर सचिन ने कांग्रेस छोड़ी

0

मध्यप्रदेश के तीन विधानसभा और एक लोकसभा उपचुनाव से ठीक पहले भाजपा ने कांग्रेस को एक अनपेक्षित झटका दिया। बड़वाह विधानसभा से कांग्रेस के विधायक सचिन बिरला ने पार्टी छोड़कर भाजपा का दुरंगा गमछा पहन लिया। कहा जाता है कि कांग्रेस ने उनसे खंडवा लोकसभा उपचुनाव में उम्मीदवार बनाने का वादा किया था। लेकिन, टिकट नहीं दिया, इस पर वे नाराज थे। उन्होंने बेड़िया की एक चुनावी सभा में शिवराज सिंह चौहान के सामने चुनावी सभा के मंच पर भाजपा का दामन थाम लिया। इसे बड़ा झटका इसलिए माना जा रहा है, क्योंकि, 30 अक्टूबर को खंडवा लोकसभा के उपचुनाव के लिए उपचुनाव होना है। बड़वाह क्षेत्र गुर्जर बहुल माना जाता है और सचिन बिरला इसी समाज से आते हैं। एक दिन पहले तक सचिन बिरला कांग्रेस के मंच पर जीतू पटवारी के साथ चुनाव प्रचार करते नजर आए थे। निमाड़ क्षेत्र से कांग्रेस छोड़कर भाजपा में आने वाले सचिन दूसरे विधायक हैं। इससे पहले मांधाता के कांग्रेस विधायक नारायण पटेल भाजपा में शामिल हुए थे।

सचिन बिरला के बारे में भले ही कहा जा रहा हो कि वे अचानक कांग्रेस छोड़कर भाजपा में आए, पर सच्चाई यह है कि इस दलबदल की पटकथा काफी पहले लिखी जा चुकी थी। वे कांग्रेस से खंडवा लोकसभा उपचुनाव का टिकट मांग रहे थे, पर पार्टी ने वादा करके भी उन्हें टिकट नहीं दिया और राजनारायण सिंह को उम्मीदवार बनाया गया। भाजपा ने उनकी इस नाराजी को भुनाने के साथ उनके क्षेत्र की कुछ मांगों को भी न सिर्फ मान लिया, बल्कि खबर है कि स्वीकृत भी किया है। चुनाव आचार संहिता के कारण अभी उनकी घोषणा नहीं की गई! पर, बताते हैं कि सचिन बिरला ने भाजपा में शामिल होने से पहले वो वादे जरूर पूरे करवा लिए, जो उपचुनाव में उनकी जीत में मददगार बन सकते हैं।

सचिन बिरला ने बड़वाह को जिला बनाने की मांग की है, जिसे सिद्धांततः मान लिया गया। इसके अलावा काटकूट क्षेत्र में पानी देने की एक बड़ी योजना लम्बे समय से लंबित है, उससे करीब 55 गांव प्रभावित होंगे। कांग्रेस के शासनकाल में भी सचिन बिरला ने उसे स्वीकृत करवाने की कोशिश की थी, पर सफल नहीं हुए! बताते हैं कि इस योजना को स्वीकृत करने का वादा किया गया। इस योजना के पूरा होने से क्षेत्र के लोगों को लाभ मिलेगा। बेड़िया मिर्च मंडी के लिए भी सचिन बिरला ने 65 एकड़ जमीन मांगी है। इसके अलावा बड़वाह को नगर पालिका बनाए जाने का भी वादा लिया गया है। उनके नजदीकी सूत्र बताते हैं कि ये सभी योजनाएं उन्होंने पहले स्वीकृत करवाई, इसके बाद ही वो भाजपा के पाले में गए हैं। उनके पार्टी छोड़ने के बाद खाली होने वाली विधानसभा सीट पर भाजपा से टिकट दिए जाने का वादा तो पूरा होना ही है। भाजपा से उन्होंने ये वादे लिए हैं, इस बात का पता इससे भी लगता है कि उन्होंने भाजपा में आने के बाद उसी मंच से बेड़िया मंडी को एशिया की सबसे शानदार मंडी बनाने की बात कही। उनका कहना था कि वे बेड़िया की मिर्च को दुनिया में स्थापित कराएंगे।

ये भी बताया गया कि कांग्रेस का विधायक होते हुए, सचिन बिरला की ज्यादा पूछ परख नहीं थी। यहाँ तक कि जब कांग्रेस की सरकार थी, तब भी उनको गंभीरता से नहीं लिया जाता था। तब भी उनके कोई काम नहीं होते थे। यहाँ तक कि लोकल अफसर भी उनको तवज्जो नहीं देते थे। सचिन बिरला की नाराजी तभी से थी, पर वे खामोश रहे। जब खंडवा उपचुनाव में उन्हें वादे के बाद भी टिकट नहीं दिया, तो उनकी नाराजी चरम पर आ गई! सचिन के दलबदल से भाजपा को सबसे बड़ा फ़ायदा गुर्जर वोटों का होगा। बड़वाह विधानसभा क्षेत्र में गुर्जर मतदाताओं की संख्या अच्छी खासी है, जो कांग्रेस से छिटक सकती है। इसका सीधा फ़ायदा खंडवा उपचुनाव में भाजपा को मिलेगा। 2018 के विधानसभा चुनाव में सचिन बिरला 30,508 वोटों से चुनाव जीते थे, जो एक बड़ा अंतर है। उन्होंने भाजपा के तीन बार के विधायक हितेंद्रसिंह सोलंकी को मात दी थी।

बड़वाह विधानसभा क्षेत्र में सचिन के प्रभाव को नजर अंदाज नहीं किया जा सकता। 2013 के विधानसभा चुनाव में जब कांग्रेस ने उन्हें उम्मीदवार नहीं बनाया था, तब वे निर्दलीय चुनाव लड़े और दूसरे स्थान पर रहे थे। उन्हें उस चुनाव में 61970 वोट मत मिले थे। कांग्रेस के प्रत्याशी राजेंद्र गुर्जर की जमानत तक जब्त हो गई थी, उन्हें सिर्फ 14323 वोट मिले और तीसरे स्थान पर रहे। बताया जा रहा है कि इसमें कृषि मंत्री कमल पटेल की भूमिका महत्वपूर्ण है। वे कहीं न कहीं सचिन बिरला को भाजपा में लाने के लिए राजी करने में सफल रहे। आज वे भी बेड़िया के उस मंच पर मौजूद थे, जिस पर मुख्यमंत्री ने सचिन को भाजपा में प्रवेश दिलाया। इसके अलावा स्थानीय स्तर पर बिरला को भाजपा में लाने में मांधाता के विधायक नारायण पटेल की भी अहम भूमिका रही। वे भी कांग्रेस छोड़कर आए हैं और गुर्जर समाज से ही आते हैं। सचिन के भाजपा में आने से बड़वाह से तीन बार के विधायक रहे हितेंद्रसिंह सोलंकी की राजनीति सबसे ज्यादा प्रभावित होगी। लेकिन, बताते हैं कि भाजपा के बड़े नेताओं ने उनको मना लिया है। उपचुनाव के बाद उनका कहीं पुनर्वास किया जा सकता है।

कांग्रेस में असमंजस

कांग्रेस विधायक के पाला बदलने पर कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष और पूर्व मुख्यमंत्री कमलनाथ ने ट्वीट करके कहा कि चुनावों में नकार दिया था, घर बैठा दिया था। अब प्रदेश में हो रहे चार उपचुनावों में भी BJP ने जनता का मूड देख लिया है। BJP को संभावित परिणामों का अंदेशा हो चला है। उनका जनाधार खत्म हो चुका है। जनता अब उनको एक पल भी सत्ता में देखना नहीं चाहती है, तो अब अपनी सरकार और खोए जनाधार को बचाने के लिए BJP एक बार फिर सौदेबाजी कर प्रदेश की राजनीति को कलंकित करने का काम कर रही है।

उन्होंने पूछा है कि शिवराज जी अपनी कुर्सी बचाने के लिए आप कितनी भी सौदेबाजी की राजनीति कर लो! लेकिन, आपकी यह कुर्सी नहीं बचने वाली है। क्योंकि, जनता आपको नकार चुकी है। आपकी इस सौदेबाजी की राजनीति को इन चुनावों में वह मुंहतोड़ जवाब देगी। जबकि, कांग्रेस विधायक सचिन बिरला के BJP भाजपा में शामिल होने पर पूर्व मुख्यमंत्री और कांग्रेस के वरिष्ठ नेता दिग्विजय सिंह ने कहा ‘बिकाऊ माल बिकेगा और टिकाऊ माल टिकेगा।’

 

इंग्लैंड की 6 विकेट से जीत

0

यूएई में चल रहे टी20 विश्व कप (T20 World Cup) में सुपर-12 दौर के दूसरे मुकाबले में इंग्लैंड ने वेस्ट इंडीज को बुरी तरह हराया। दुबई इंटरनेशनल स्टेडियम में चल रहे इस मैच में इंग्लैंड ने सिर्फ 8.2 ओवरों में जीत के जरुरी 56 रन हासिल कर लिये। लेकिन इस दौरान वेस्ट इंडीज ने भी उनके 5 विरेट गिरा दिये। 56 रनों के आसान लक्ष्य का पीछा करने उतरी इंग्लिश टीम ने शुरुआत से ही तेज गति से रन बनाने शुरु कर दिए। लेकिन जेसन रॉय सिर्फ 11 रनों के स्कोर पर कैच आउट हो गये। उधर जॉस बटलर ने एक छोर संभाले रखा और नाबाद 24 रन बनाये। इसके बाद उतरे बल्लेबाजों में कोई भी दहाई का आंकड़ा तक नहीं छू सका। जॉनी बेयरस्टॉ, मोईन खान और लिविंगस्टोन सस्ते में विकेट गंवाकर पैवेलियन लौट गये। आखिर में कप्तान ओएन मॉर्गन ने संभलकर खेलते हुए टीम को जीत दिलाई। जिस तरह से इंग्लैंड के बल्लेबाज आउट हो रहे थे, उससे साफ कहा जा सकता था कि अगर वेस्ट इंडीज ने 100 रनों का आंकड़ा पार कर लिया होता, तो उनके जीतने की संभावना बन जाती। वेस्ट इंडीज की ओर से अकील हुसैन को 2 विकेट मिले, जबकि रवि रामपॉल को 1 विकेट मिला।

मैच के शुरुआत में इंग्लैंड ने टॉस जीत कर पहले गेंदबाज़ी करने का फ़ैसला किया। बल्लेबाजी करने उतरी वेस्टइंडीज की पूरी टीम 20 ओवर भी नहीं खेल सकी और 14.2 ओवरों में 55 रनों पर सिमट गई। यह विश्व कप में तीसरा सबसे न्यूतनम स्कोर है। वेस्ट इंडीज का पारी शुरु से ही लड़खड़ाती दिखी। टीम का स्कोर 50 रनों तक भी नहीं पहुंचा, और उसके 9 बल्लेबाज पैवेलियन पहुंच गये। क्रिस गेल के अलावा कोई भी बल्लेबाज दहाई अंकों तक भी नहीं पहुंच सका। क्रिस गेल मात्र 13 रनों के साथ सबसे ज्यादा रन बनानेवाले खिलाड़ी रहे। इंग्लैंड की ओर से आदिल रशीद ने घातक गेंदबाजी करते हुए सिर्फ 2.2 ओवरों में 4 विकेट लिए। मोईन अली और टिमाल मिल्स ने 2-2 विकेट लिए।

राज ठाकरे कोरोना से संक्रमित

0

मुंबई: महाराष्ट्र नवनिर्माण सेना (मनसे) के प्रमुख राज ठाकरे (Raj Thackeray) कोरोना वायरस से संक्रमित हो गए हैं. उनमें कोविड-19 के हल्के लक्षण नजर आए हैं. उनकी मां और बहन की रिपोर्ट भी पॉजिटिव आई है. पहले उन्होंने खुद को घर पर क्वारंटीन कर लिया था. लेकिन डॉक्टर्स की सलाह पर ठाकरे और उनकी बहन को लीलावती अस्पताल (Lilavati Hospital) में भर्ती कराया गया है. हालांकि उनकी मां का इलाज घर पर ही चल रहा है.

अस्पताल में दी जाएगी एंटीबॉडी

बृहन्मुंबई महानगरपालिका (BMC) के अधिकारियों के मुताबिक, ठाकरे कोरोना वैक्सीन (Corona Vaccine) के दोनों डोज लग चुके हैं. इसलिए अस्पताल में उन्हें मोनोक्लोनल एंटीबॉडी कॉकटेल दिया जाएगा. एंटीबॉडी दिए जाने के बाद तीन घंटे में उन्हें घर छोड़ दिया जाएगा. बताते चलें कि राज ठाकरे (53) ने हाल में नासिक, पुणे और ठाणे का दौरा किया था और अगले साल होने वाले निकाय चुनाव से पहले मुंबई में पार्टी नेताओं से मुलाकात की थी.

दिवाली के 14 साल बाद माचिस जलाना भी होगा महंगा

0

नई दिल्ली:  बढ़ती महंगाई ने आम जनता की कमर तोड़ रखी है. अब इसी क्रम में 14 साल बाद माचिस का रेट बढ़ गया है. यानी गैस के बाद अब चूल्हा जलाना भी महंगा हो गया है. पहले जहां माचिस 1 रुपये में मिलती थी अब 2 रुपये में मिलेगी. माचिस बनाने वाली कंपनियों के प्रतिनिधियों ने एक साथ मिलकर यह फैसला लिया है. आपको बता दें कि इससे पहले 2007 में माचिस की कीमत 50 पैसे बढ़कर 1 रुपये कर दी गई थी.

14 साल बाद, माचिस के रेट में बढ़ोतरी का फैसला ऑल इंडिया चैम्बर ऑफ माचिस की तरफ से लिया गया है. समिति के लोगों का कहना है कि कच्चे माल के रेट में बढ़ोतरी और चौतरफा बढ़ रही महंगाई के कारण माचिस का दाम बढ़ाया गया है. मैन्युफैक्चरर्स के अनुसार, ‘एक माचिस को बनाने में 14 अलग-अलग तरीके के रॉ मटेरियल की जरूरत होती है. इनमें से कई मटेरियल ऐसे हैं, जिनकी कीमत दोगुनी से अधिक हो गई है.

जानें एक माचिस पर कितनी बढ़ी कीमत?

बढ़ी हुई कीमतों पर नजर डालें तो रेड फास्पोरस का रेट 425 रुपये से बढ़कर 810 रुपये हो गया है. वैक्स यानी मोम की कीमत 58 रुपये से बढ़कर 80 रुपए हो गई है. आउटर बॉक्स बोर्ड की कीमत 36 रुपये से बढ़कर 55 रुपये हो गई है. इनर बॉक्स बोर्ड की कीमत 32 रुपये से बढ़कर 58 रुपये हो गई है. इसके अलावा पेपर, स्प्लिंट, पोटाशियम क्लोरेट, सल्फर जैसे पदार्थों की कीमत भी अक्टूबर के दूसरे सप्ताह में बढ़ी है. इन तमाम कारणों से रेट में बढ़ोतरी का फैसला किया गया है.

मुंबई ड्रग्स केस मे NCB टीम ने कई जगह की छापेमारी

0

बॉलीवुड ड्रग्स केस (Bollywood Drugs Case) के तार जैसे-जैसे खुल रहे हैं वैसे-वैसे कई नामी स्टार किड्स के नाम सामने आते जा रहे हैं. आर्यन खान से शुरू हुई ड्रग्स मंडली की कहानी फिलहाल अनन्या पांडे पर आकर रुकी हुई है. शुक्रवार को NCB ने एक बार फिर अनन्या पांडे को ड्रग्स केस में पूछताछ के लिए बुलाया और सोमवार को दोबारा अनन्या से इस केस को लेकर पूछताछ की जाएगी. इस वक्त बॉलीवुड एक्टर शाहरुख खान की मैनेजर पूजा ददलानी से पूछताछ की जा रही है.
ताज लैंड होटल पहुंची NCB की टीम
एनसीबी की एक टीम बांद्रा स्थित होटल ताज लैंड पहुंची है. सूत्रों के मुताबिक, दिल्ली के जो लोग मुंबई में ठहरे थे, जिनमें से कुछ को गिरफ्तार किया गया था, उनसे जुड़ी जानकारी लेने टीम होटल पहुंची है. वो लोग कौन-कौन से होटेल में ठहरे थे, कौन-कौन से दस्तावेज उन्होंने होटेल में जमा किए थे, ये सब जानकारी लेने टीम गई है.
सोमवार को जब अनन्या पांडेय से पूछताछ की जाएगी तब महज WhatsApp चैट्स के आधार पर ही पूछताछ नहीं होगी. NCB सोमवार को अनन्या पांडेय से संदिग्ध वित्तीय लेनदेन (Suspicious Financial Transactions), आरोपियों के स्टेटमेंट और इलेक्ट्रॉनिक सबूतों (Electronic Evidences) को लेकर भी पूछताछ करेगी.
NCB ने अनन्या पांडे से 2 दिनों की पूछताछ के बाद अब सोमवार को दोबारा सुबह 11 बजे बुलाया है. NCB के अनुसार, NCB सोमवार को पूछताछ से पहले अपनी तैयारी पूरी करना चाहती है.

अमित शाह ने ‘अनुच्छेद 370’ के साथ ही खत्म कर डाले थे 164 कानून

0

केंद्र सरकार ने अन्य राज्यों में रहने वाले लोगों के लिए अब जम्मू-कश्मीर में जमीन खरीदने का रास्ता तैयार कर दिया है। हालांकि अभी तक लोगों की कोई बड़ी संख्या, जमीन खरीदने के लिए आगे नहीं आई है। कुछ ही लोगों द्वारा जमीन खरीदने की बात कही गई है।
नई दिल्ली :केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह, जम्मू-कश्मीर की अपनी तीन दिवसीय यात्रा के पहले दिन शनिवार को श्रीनगर पहुंच गए हैं। पांच अगस्त, 2019 को जम्मू-कश्मीर के विशेष राज्य के दर्जे ‘अनुच्छेद 370’ को समाप्त करने के बाद केंद्रीय गृह मंत्री की यह पहली यात्रा है। अमित शाह ने जिस तरह से एक झटके में ‘अनुच्छेद 370’ को खत्म किया, उसके साथ ही जम्मू-कश्मीर में 164 कानूनों को भी निरस्त कर दिया था। इतना ही नहीं, केंद्र सरकार की योजनाओं का फायदा जम्मू-कश्मीर के लोगों को मिले, इसके लिए 138 कानूनों में आंशिक तौर पर या बड़े बदलाव किए गए। इसके बाद ही केंद्र सरकार के 170 कानूनों को जम्मू-कश्मीर में लागू किए जाने का मार्ग प्रशस्त हो सका। सीबीआई ने जब 25 हजार करोड़ रुपये के जमीन घोटाले की जांच शुरू की तो जम्मू कश्मीर पर राज करने वालों को वह ‘रोशनी’ धुंधली नजर आने लगी।
2019 के बाद लागू हुए अधिकांश कानून
जम्मू-कश्मीर में जब तक ‘अनुच्छेद 370’ व 35(ए) रहा, तब तक केंद्र सरकार के अधिकांश कानून यहां लागू नहीं हो सके। यहां के लोगों को केंद्र सरकार की कई योजनाओं का लाभ नहीं मिल सका। पांच अगस्त 2019 के बाद एकाएक जम्मू कश्मीर में केंद्र के 170 से अधिक कानून लागू हो गए। इनमें राइट-टू-एजुकेशन, मैंटेनेंस एंड वेलफेयर ऑफ पैरेंट्स एंड सीनियर सिटीजन एक्ट 2001, नेशनल कमीशन फॉर माइनॉरिटी एक्ट और बेनिफिट ऑफ वूमेन, चिल्ड्रन एंड डिसेबल्ड पर्सन, आदि शामिल हैं। भूमि अधिग्रहण में उचित मुआवजा एवं पारदर्शिता का अधिकार, ये कानून भी अब जम्मू-कश्मीर में लागू हो गया है। इसके अलावा मिनिस्टर ऑफ स्टेट सेलरी एक्ट में भी बदलाव किया गया। स्टेट लेजिस्लेचर मेंबर्स पेंशन एक्ट 1984 को निरस्त कर दिया गया। डोमिसाइल नीति में व्यापक बदलाव किए गए।
बाहरी भी खरीद सकते हैं जमीन
केंद्र सरकार ने अन्य राज्यों में रहने वाले लोगों के लिए अब जम्मू-कश्मीर में जमीन खरीदने का रास्ता तैयार कर दिया है। हालांकि अभी तक लोगों की कोई बड़ी संख्या, जमीन खरीदने के लिए आगे नहीं आई है। कुछ ही लोगों द्वारा जमीन खरीदने की बात कही गई है। जम्मू-कश्मीर विकास अधिनियम की धारा 17 से वह वाक्य हटा लिया गया है, जिसमें जमीन खरीदने के लिए राज्य का स्थायी निवासी होने की बात कही गई थी। नियमों में इस तरह का बदलाव होने के बाद, कुछ मामलों को छोड़ दें तो कृषि योग्य भूमि को गैर खेती के कार्यों के लिए इस्तेमाल करने की अनुमति नहीं दी गई है। जम्मू-कश्मीर से बाहर अन्य राज्यों में शादी करने वाली स्थानीय महिलाओं के पति भी यहां का मूल निवासी प्रमाण पत्र हासिल कर सकते हैं। ऐसा होने के बाद उन्हें कई दूसरी सुविधाएं मिल गई हैं। अब वे भी जम्मू कश्मीर में संपत्ति खरीद सकते हैं। दूसरे स्थानीय लोगों की तरह उन्हें भी सरकारी नौकरियों के लिए आवेदन जमा कराने का अधिकार मिल गया है। स्थानीय लोगों ने इस निर्णय को एक बड़ी उपलब्धि माना है।
रोशनी एक्ट का घोटाला सामने आया
जम्मू-कश्मीर से अनुच्छेद 370 की समाप्ति के बाद डोमिसाइल नीति में भी बदलाव किए गए हैं। केंद्र शासित प्रदेश में अगर कोई व्यक्ति 15 वर्ष तक रहा है, सात साल तक पढ़ाई की है, 10वीं और 12वीं की बोर्ड परीक्षाओं में शामिल होने वाले लोगों और उनके बच्चों को भी यहां का मूल निवासी होने का प्रमाण पत्र दिया जाने लगा है। जम्मू-कश्मीर राज्य भूमि अधिनियम 2001, जिसे ‘रोशनी’ का नाम दिया गया था, अब यह एक्ट कई पार्टियों के नेताओं और पूर्व नौकरशाहों की नींद हराम कर रहा है। तत्कालीन फारूक अब्दुल्ला सरकार ने जल विद्युत परियोजनाओं की खातिर फंड एकत्रित करने के लिए यह कानून बनाया था। रोशनी एक्ट में भूमि का मालिकाना हक उसके अनधिकृत कब्जेदारों को इस शर्त पर दिया जाना था कि वे बाजार भाव पर भूमि के मूल्य का भुगतान करेंगे। इसके लिए कटऑफ मूल्य 1990 की गाइडलाइन के अनुसार तय किया गया था। सरकारी जमीन पर कब्जा करने वाले किसानों को कृषि के लिए मालिकाना हक दिया दे गया। दो बार इस एक्ट में संशोधन कर दिए गए। 2014 के दौरान सीएजी रिपोर्ट में चौकाने वाला खुलासा हुआ। सरकार को रोशन एक्ट के तहत 25 हजार करोड़ रुपये मिलने थे, जबकि सरकारी खजाने में सिर्फ 76 करोड़ रुपये ही जमा हुए थे। जम्मू-कश्मीर हाई कोर्ट के आदेश पर अब सीबीआई इस मामले की जांच कर रही है। अपने परिजनों, रिश्तेदारों और सौदागरों को ‘रोशनी’ एक्ट के जरिए कोड़ियों के दाम पर जमीन दिलाने वाले नेता व पूर्व नौकरशाह अब जांच एजेंसी के रडार पर हैं।

भारत के इन 2 बल्लेबाजों से दहशत में पाकिस्तान

0

नई दिल्ली: टीम इंडिया ने अपने दोनों वार्मअप मैच जीत लिए हैं. जिससे उसका मनोबल सातवें आसमान पर है. अब 24 अक्टूबर को भारत का महामुकाबला पाकिस्तान से होगा जिस पर सारी दुनिया की निगाहें हैं. दोनों देश के दर्शक इस मैच को लेकर उत्साहित हैं. ऑस्ट्रेलिया के पूर्व दिग्गज क्रिकेटर और पाकिस्तानी बैटिंग कोच मैथ्यू हैडन ने भारत के दो बल्लेबाजों को पाकिस्तान के लिए खतरा बताया है. आइए जानते हैं उन बल्लेबाजों के बारे में

इन खिलाड़ियों से पाकिस्तान को खतरा 

ऑस्ट्रेलिया के पूर्व क्रिकेटर मैथ्यू हैडन ने कहा है कि ‘मैंने भारतीय क्रिकेट को बेहद करीब से फॉलो किया है. मैंने केएल राहुल को बेहतर होते देखा है. जो कि पाकिस्तान के लिए बहुत बड़ा खतरा हैं. मैंने उन्हें एक लड़के के तौर पर आगे बढ़ते हुए देखा है. मैंने उनका स्ट्रगल भी देखा है और टी20 फॉर्मेट में उसका दबदबा कायम है. मैंने ऋषभ पंत को भी देखा है, वह कैसे गेंदबाजी आक्रमण को ध्वस्त कर सकता है. क्योंकि उन्हें मौका मिला है और वह चीजों को उसी तरह देखता है.’
केएल राहुल 

टीम इंडिया के ताबड़तोड़ ओपनर मौजूदा वर्ल्ड कप में धमाकेदार फॉर्म में है. उन्होंने दोनों वार्मअप मैच में शानदार पारियां खेली हैं जब वे अपनी लय में होते हैं तो किसी भी गेंदबाजी क्रम की बखिया उधेड़ सकते हैं. आईपीएल 2021 में उन्होंने 600 से ज्यादा रन ठोके थे. राहुल पारी की शुरुआत में बहुत ही आक्रामक खेल दिखाते हैं.

ऋषभ पंत 

इस विकेटकीपर बल्लेबाज ने अपनी आक्रामक बल्लेबाजी से नाम कमाया है पंत एक हाथ से छक्के लगाने में बहुत ही माहिर हैं. जिसे देख दर्शक बहुत ही रोमांचित होते हैं. डेथ ओवरों में उन्हें रोकना आसान नहीं है जब वो अपनी लय में होते हैं तो गेंदबाजों की धुनाई करते उन्हें समय नहीं लगता है. विराट कोहली को पंत से पाकिस्तान के खिलाफ बड़ी पारी की उम्मीद होगी.

पीएम मोदी संबोधन में कहा कि कोरोना काल में किसानों ने संभाला

0

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने आज राष्ट्र के नाम अपना संबोधन दिया। पीएम मोदी ने इस दौरान कोरोना वैक्सीनेशन के आंकड़े 100 करोड़ पार करने पर देशवासियों को बधाई दी और बताया कि भारत ने कैसे महामारी के चुनौतियों को पार किया। पीएम मोदी ने कहा कि दुनिया के दूसरे बड़े देशों को वैक्सीन पर रिसर्च करने में, वैक्सीन खोजने में निपुणता थी। भारत, अधिकतर इन देशों की बनाई वैक्सीन पर ही निर्भर रहता था। लेकिन अब भारत आत्मनिर्भर हो गया है।  पीएम मोदी कोरोना काल में अब तक नौ बार देश को संबोधित कर चुके हैं।

कोरोना काल में किसानों ने संभाला, आज रिकॉर्ड लेवल पर अनाज खरीद हो रही

पीएम मोदी ने कहा कि कोरोना काल में कृषि क्षेत्र ने हमारी अर्थव्यवस्था को मजबूती से संभाले रखा। आज रिकॉर्ड लेवल पर अनाज की खरीद हो रही है। किसानों के बैंक खाते में सीधे पैसे जा रहे हैं। वैक्सीन के बढ़ते कवरेज के साथ हर क्षेत्र में सकारात्मक गतिविधियां तेज हो रही हैं।

इस दिवाली 100 करोड़ वैक्सीन डोज के कारण एक विश्वास रहेगा

पीएम मोदी ने कहा कि पिछली दिवाली हर किसी के मन में एक तनाव था, लेकिन इस दिवाली 100 करोड़ वैक्सीन डोज के कारण एक पैदा हुआ विश्वास है। अगर मेरे देश की वैक्सीन मुझे सुरक्षा दे सकती है, तो मेरे देश में बने सामान मेरी दिवाली को और भी भव्य बना सकते हैं।

कुछ लोगों ने ताली, थाली बजाने पर सवाल उठाए थे

पीएम मोदी ने कहा कि हमने महामारी के खिलाफ देश की लड़ाई जन भागीदारी को अपनी पहली ताकत बनाया। देश ने अपनी एकजुटता को ऊर्जा देने के लिए ताली, थाली बजाई, दीए जलाए तब कुछ लोगों ने कहा था कि क्या इससे बीमारी भाग जाएगी? लेकिन हम सभी को उसमें देश की एकता दिखी, सामूहिक शक्ति का जागरण दिखा।

वैक्सीनेशन अभियान में वीआईपी कल्चर पर लगा ब्रेक

पीएम मोदी ने कहा कि ये सुनिश्चित किया गया कि वैक्सीनेशन अभियान पर वीआईपी कल्चर हावी न हो। हमने सबको साथ लेकर देश ने ‘सबको वैक्सीन-मुफ़्त वैक्सीन’ का अभियान शुरू किया। गरीब-अमीर, गांव-शहर, दूर-सुदूर, देश का एक ही मंत्र रहा कि अगर बीमारी भेदभाव नहीं  करती, तो वैक्सीन में भी भेदभाव नहीं हो सकता।

भारत ने अपने 100 करोड़ नागरिकों को मुफ्त वैक्सीन लगाई

भारत ने अपने नागरिकों को 100 करोड़ वैक्सीन डोज लगाई है और वो भी बिना पैसा लिए। 100 करोड़ वैक्सीन डोज का एक प्रभाव ये भी होगा कि अब दुनिया भारत को कोरोना से ज्यादा सुरक्षित मानेगी।

पाकिस्तान को दोहरा झटका

0

फ़ाइनेंशियल एक्शन टास्क फ़ोर्स यानी FATF ने पाकिस्तान को ग्रे लिस्ट में ही रखने का फ़ैसला किया है. इसके साथ ही पाकिस्तान के अहम सहयोगी तुर्की को भी इस लिस्ट में डाल दिया गया है.

इमरान ख़ान की सरकार के लिए यह दोहरा झटका है क्योंकि पाकिस्तान FATF की ब्लैकलिस्ट में जाने से बचने के लिए तुर्की पर भी निर्भर रहता था. तुर्की ने इससे पहले पाकिस्तान को FATF में ब्लैकलिस्ट होने से बचाया था.

जॉर्डन और माली को भी ग्रे लिस्ट में डाला गया है. बोत्सवाना और मॉरिशस को ग्रे लिस्ट से बाहर कर दिया गया है.

तुर्की के राजस्व मंत्रालय ने कहा है कि FATF की लिस्ट में उसे शामिल किया जाना पूरी तरह से अनुचित फ़ैसला है. राजस्व मंत्रालय ने कहा है कि तमाम सहयोग के बावजूद उसे ग्रे लिस्ट में शामिल किया गया है. तुर्की 1991 से ही FATF का सदस्य है.

FATF ने इस आरोप से इनकार किया है कि भारत के दबाव में पाकिस्तान को ग्रे लिस्ट से नहीं हटाया जा रहा है. FATF प्रमुख मार्कस प्लीयर ने एक प्रेस कॉन्फ़्रेंस में कहा, ”पाकिस्तान प्रतिबंधित आतंकवादियों और आतंकवादी समूहों के ख़िलाफ़ जाँच के साथ कार्रवाई करे. एक्शन प्लान 2019 के तहत पाकिस्तान आतंकवादियों पर नकेल कसे. पाकिस्तान ने 34 में से 30 एक्शन पॉइंट पूरे कर लिए हैं.”