विश्व स्वास्थ्य संगठन के मुखिया टेड्रोस अधोनम ने चेतावनी दी है कि कोरोना वायरस महामारी अभी खत्म नहीं होने जा रही है। उन्होंने कोरोना के ओमीक्रोन वेरिएंट के हल्के होने के दावे के प्रति भी दुनिया को आगाह किया। टेड्रोस ने कहा कि दुनिया भर में ओमीक्रोन वेरिएंट के मामले लगातार अविश्वसनीय तेजी से बढ़ते जा रहे हैं, इससे नए वेरिएंट आ सकते हें। उन्होंने कहा कि अच्छी बात यह है कि कुछ देशों में कोरोना के मामले संभवत: चरम पर पहुंच गए हैं, इससे यह आशा जगती है कि वर्तमान दौर में सबसे बुरा दौर खत्म हो गया है।
टेड्रोस ने कहा, ‘मैं विशेष रूप से अभी भी उन देशों को लेकर चिंतित हूं जहां पर कम टीके लगाए गए हैं। ऐसा इसलिए है क्योंकि जहां पर कम टीकाकरण हुआ है, वहां पर लोगों के गंभीर रूप से बीमार होने और मौत का खतरा कई गुना ज्यादा है।’ उन्होंने कहा कि ओमीक्रोन हो सकता है कि कम गंभीर हो लेकिन इसे हल्का बताना भ्रामक है। इससे महामारी को जवाब देने की प्रक्रिया को झटका लगता है और कई लोगों की जान जा सकती है।
‘ओमीक्रोन की वजह से अस्पतालों में जाने की दर बढ़ रही’
डब्ल्यूएचओ चीफ ने कहा, ‘कोई गलती न करें, ओमीक्रोन की वजह से अस्पतालों में जाने की दर बढ़ रही है।’ उन्होंने कहा कि दुनिया के कई देशों में आने वाले सप्ताह स्वास्थ्यकर्मियों के लिए बहुत जटिल होने जा रहे हैं। टेड्रोस ने कहा, ‘मैं सभी का आह्वान करता हूं कि संक्रमण के खतरे को कम करने के लिए अपना सर्वश्रेष्ठ प्रयास करें। इससे स्वास्थ्य सिस्टम पर दबाव कम होगा। उन्होंने दोहराया कि कोरोना से लड़ने के लिए वैक्सीन सबसे अच्छा हथियार है।
इससे पहले अमेरिका के महामारी संक्रामक रोग विशेषज्ञ एंथनी फाउची ने भी कहा था कि ऐसा कहना बहुत जल्दबाजी होगी कि ओमीक्रोन से कोविड महामारी का अंत हो जाएगा क्योंकि टीकों को चकमा देने की क्षमता रखने वाले इसी तरह के अन्य वेरिएंट भी सामने आ सकते हैं। फाउची ने सोमवार को दावोस अजेंडा के एक वर्चुअल कार्यक्रम में कहा ‘प्राकृतिक टीकाकरण’ या पिछले संक्रमण के माध्यम से हासिल प्रतिरक्षा, उतना प्रभावी नहीं हो सकती है जितना कुछ लोग मानते हैं।
दुनिया अभी भी महामारी के पांच चरणों में सबसे पहले स्थान पर: फाउची
डेली मेल ने उनके हवाले से कहा कि ओमीक्रोन की तरह, भविष्य में नए वेरिएंट के उभरने की संभावना है जो कोरोना वैक्सीन या शरीर की प्रतिरक्षा प्रणाली को चकमा देने में सक्षम हो सकते हैं। पहले के अन्य प्रकारों की तुलना में ओमीक्रोन के दुष्प्रभाव कम सामने आ रहे हैं। न्यूयार्क टाइम्स ने उनके हवाले से बताया ‘यह एक खुला सवाल है कि क्या ओमीक्रोन सक्रिय वायरस टीकाकरण बनने जा रहा है या नहीं, जिसकी हर कोई उम्मीद कर रहा है, क्योंकि नए वेरिएंट के साथ अधिक परिवर्तनशीलता है।’ उन्होंने कहा कि दुनिया अभी भी महामारी के पांच चरणों में सबसे पहले स्थान पर है।
WHO चीफ ने दी चेतावनी जल्द आएगा कोरोना का नया वेरिएंट
बांग्लादेश अभिनेत्री राइमा इस्लाम शिमू की बोरे में मिली लाश, पति ने कबूला गुनाह
बांग्लादेश की ख्यात अभिनेत्री राइमा इस्लाम शिमू के अचानक लापता हो जाने के बाद अब उनकी लाश राजधानी ढाका के बाहरी इलाके में मिलने से सनसनी फैल गई है। पुलिस के मुताबिक Raima Islam Shimu का शव सोमवार को केरानीगंज में हजरतपुर ब्रिज के पास एक बोरे में मिला था। गौरतलब है कि बीते दिनों Raima Islam Shimu के लापता होने के बाद उसके परिवार ने रविवार को कालाबागान थाने में शिकायत दर्ज कराई थी। स्थानीय लोगों की सूचना पर पुलिस टीम ने केरानीगंज मॉडल स्टेशन से शव बरामद किया है और अब मामले की जांच की जा रही है। शुरुआती जांच में पता चला है कि पति ने गुनाह कबूल कर लिया है। अभिनेत्री के पति ने ही हत्या की थी।
अजय मिश्र टेनी का नाम BJP के स्टार प्रचारकों की लिस्ट से गायब
यूपी विधानसभा चुनाव : भारतीय जनता पार्टी (Bharatiya Janata Party) ने यूपी विधानसभा चुनाव (UP assembly elections) के लिए स्टार कैंपेनर्स की सूची जारी कर दी है. हालांकि इस सूची में केंद्रीय गृह राज्य मंत्री अजय मिश्र टेनी का नाम नहीं है. इस लिस्ट में पीएम नरेंद्र मोदी, बीजेपी चीफ जेपी नड्डा, रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह, गृह मंत्री अमित शाह, केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी समेत कई नेताओं का नाम है.
बीजेपी के स्टार प्रचारकों की यह सूची यूपी चुनाव के मद्देनजर पहले चरण में प्रचार के लिए तैयार की गई है. इसमें बीजेपी यूपी चीफ स्वतंत्र देव सिंह, यूपी प्रभारी धर्मेंद्र प्रधान, सीएम योगी आदित्यनाथ, पूर्व केंद्रीय मंत्री राधा मोहन सिंह का भी नाम है.
इन नेताओं का नाम भी लिस्ट में शामिल
इसके अलावा केंद्रीय मंत्री मुख्तार अब्बास नकवी, केंद्रीय मंत्री स्मृति ईरानी, डिप्टी सीएम केशव प्रसाद मौर्य, डिप्टी सीएम दिनेश शर्मा, संजीव बालयान, जसवंत सैनी, सांसद हेमा मालिनी, अशोक कटारिया, सुरेंद्र नागर, केंद्रीय मंत्री जनरल वीके सिंह और चौधरी भूपेंद्र सिंह का नाम स्टार प्रचारकों की लिस्ट में है.
बीजेपी ने स्टार प्रचारकों की लिस्ट में बीएल वर्मा, राजवीर सिंह ‘राजू भईया’, एसपी सिंह बघेल भी शामिल हैं. इसके साथ ही साध्वी निरंजन ज्योती, कांता कर्दम, रजनीकांत माहेश्वरी, मोहित बेनीवाल, धर्मेंद्र कश्यप, जेपीएस राठौर और भोला सिंह खटीक का नाम भी इस लिस्ट में है.
पहले चरण में कहां-कहां है चुनाव
बता दें यूपी में पहले चरण के लिए 10 फरवरी को मतदान होगा. इसमें आगरा, मथुरा, शामली, मुजफ्फरनगर , बागपत, मेरठ, गाजियाबाद, गौतमबुद्ध नगर, हापुड़, अलीगढ़ और बुलंदशहर शामिल है. इसके लिए 14 जनवरी को अधिसूचना जारी हुई है और 21 तारीक नामांकन की आखिरी तारीख है.
गौरतलब है कि कोविड के बढ़ते मामलों की वजह से फिलहाल रैलियों और चुनाव प्रचार पर 22 जनवरी तक के लिए रोक है. ऐसे में नेता और राजनीतिक दल फिलहाल वर्चुअल रैली पर जोर दे रहे हैं.
अर्पणा यादव के बाद अब शिवपाल सिंह यादव भी देंगे अखिलेश यादव को झटका
लखनऊ: उत्तर प्रदेश (UP Chunav 2022) में होने वाले विधानसभा चुनाव (UP Assembly Election) से पहले भारतीय जनता पार्टी (BJP News) ने समाजवादी पार्टी (Samajwadi Party) से बदला लेना शुरू कर दिया है. मुलायम सिंह यादव की छोटी बहू अपर्णा यादव (Aparna Yadav) को अपने खेमे में शामिल कर भाजपा ने अखिलेश यादव को बड़ा झटका दिया है. अपर्णा यादव (Aparna Yadav Joins BJP) के बाद अखिलेश यादव (Akhilesh Yadav) को एक और झटका लग सकता है, ऐसा दावा भाजपा ने किया है. यूपी बीजेपी ज्वाइनिंग कमिटी के चेयरमैन डॉ. लक्ष्मीकांत बाजपेई ने यह बयान देकर उत्तर प्रदेश का सियासी पारा और बढ़ा दिया है कि अखिलेश यादव के चाचा शिवपाल यादव (Shivpal Yadav) भी भाजपा के संपर्क में हैं.
शिवपाल यादव को सपा प्रमुख अखिलेश ने झटका दिया और अब शिवपाल यादव बीजेपी के संपर्क में हैं. उन्होंने कहा कि अखिलेश से अपना परिवार नहीं संभल रहा है. अखिलेश यादव से अपने परिवार की टूटन नहीं संभल रही. अपर्णा यादव के भाजपा में शामिल होने पर लक्ष्मीकांत बाजपेई ने कहा कि इससे दोनों को फायदा होगा.
शिवपाल सिंह यादव (Shivpal Singh Yadav) को लेकर भाजपा के इस दावे से उत्तर प्रदेश की सियासत में सनसनी फैल गई है. मुलायम सिंह की छोटी बहू अपर्णा यादव ने जिस तरह से भाजपा का दामन थामकर अखिलेश को झटका दिया है, ऐसे में राजनीति में कुछ भी संभव हो सकता है. माना जा रहा है कि लखनऊ कैंट विधानसभा सीट को लेकर अपर्णा यादव और अखिलेश यादव के बीच बात बिगड़ गई थी, जिसकी वजह से उन्होंने भाजपा के साथ जाने का फैसला किया. सूत्रों की मानें तो भाजपा अपर्णा को इस सीट से चुनावी मैदान में उतार सकती है.
गौरतलब है कि सपा सुप्रीमो अखिलेश यादव से मतभेदों के बाद शिवपाल सिंह यादव ने अपनी अलग पार्टी प्रगतिशील समाजवादी पार्टी का गठन किया था. समाजवादी पार्टी में वर्चस्व को लेकर दोनों के बीच लड़ाई थी. हालांकि, अब शिवपाल यादव की पार्टी का अखिलेश यादव की समाजवादी पार्टी के साथ गठबंधन हो गया है. इससे पहले शिवपाल ने कहा था कि अखिलेश यादव से कोई मतभेद नहीं है. उनको अपना नेता मान लिया है. उन्होंने कहा था कि मैं अखिलेश यादव को मुख्यमंत्री बनाऊंगा.
लेफ्टिनेंट जनरल मनोज पांडे होंगे देश के अगले सेना उप प्रमुख, सरकार ने प्रस्ताव पर लगाई मुहर
भारत के सुरक्षाबल बेसब्री से अपने नए चीफ ऑफ डिफेंस स्टाफ (सीडीएस) की नियुक्ति का इंतजार कर रहे हैं। जनरल रावत के निधन के एक महीने बाद भी केंद्र सरकार नए सीडीएस को लेकर फैसला नहीं कर पाई है। हालांकि, इस खोज के बीच सरकार थलसेना में नियुक्तियों को जारी रख रही है। इसी कड़ी में केंद्र ने पूर्वी सेना की कमान संभाल रहे लेफ्टिनेंट जनरल मनोज पांडे को देश का अगला उप सेना प्रमुख बनाने का फैसला किया है।
जनरल पांडे के इस पद पर नियुक्ति के प्रस्ताव को केंद्र सरकार की मंजूरी मिल चुकी है। इसी के साथ जनरल पांडे उप सेना प्रमुख के तौर पर एक फरवरी से लेफ्टिनेंट जनरल सीपी मोहंती की जगह लेंगे। जनरल मोहंती 31 जनवरी को सेवानिवृत्त हो रहे हैं।
कौन हैं लेफ्टिनेंट जनरल मनोज पांडे?
जनरल पांडे को दिसंबर 1982 में कोर आफ इंजीनियर्स (द बॉम्बे सैपर्स) में नियुक्ति मिली थी। वे स्टाफ कालेज, केंबरली (ब्रिटेन) से ग्रेजुएट हैं। उन्होंने आर्मी वॉर कालेज महू और दिल्ली में नेशनल डिफेंस कालेज (एनडीसी) में हायर कमांड कोर्स में हिस्सा लिया। देश के लिए अपनी 37 वर्षों की विशिष्ट सेवा के दौरान पांडे ने आपरेशन विजय और आपरेशन पराक्रम में सक्रिय रूप से भाग लिया है।
ले. जनरल पांडे ने 1 जून को पूर्वी सेना कमान के नए कमांडर (जनरल ऑफिसर कमांडिंग इन चीफ) के रूप में कार्यभार संभाला था। यह कमान पूर्वोत्तर राज्यों सिक्किम और अरुणाचल प्रदेश क्षेत्रों में चीन के साथ वास्तविक नियंत्रण रेखा (एलएसी) की रक्षा के लिए तैनात है। इसका मुख्यालय कोलकाता में है। लेफ्टिनेंट जनरल पांडे पूर्वी कमान के प्रमुख बनने से पहले अंडमान एवं निकोबार कमान के कमांडर-इन-चीफ थे।
आजम खां लड़ेंगे विधानसभा चुनाव, सपा ने रामपुर शहर से दिया टिकट, स्वार टांडा से बेटे अब्दुल्ला भी मैदान में
समाजवादी पार्टी ने रामपुर जिले की पांचों विधानसभा सीटों पर अपने प्रत्याशियों का एलान कर दिया है। इसके तहत शहर विधानसभा सीट से सांसद आजम खां को प्रत्याशी बनाया गया है, जबकि स्वार टांडा से उनके पुत्र अब्दुल्ला आजम चुनाव लड़ेंगे। इसके अलावा चमरौआ और मिलक सुरक्षित सीट से पुराने चेहरों पर ही दांव लगाया है, जबकि, बिलासपुर विधानसभा सीट से अमरजीत सिंह को प्रत्याशी बनाया गया है।
जिले में दूसरे चरण में विधानसभा चुनाव होना है। इसके लिए 21 जनवरी से नामांकन शुरू हो जाएंगे। जबकि, 14 फरवरी को मतदान होगा। ऐसे में भाजपा व कांग्रेस के बाद अब समाजवादी पार्टी ने भी मंगलवार को अपने प्रत्याशियों के नाम घोषित कर दिए।
शहर विधानसभा सीट से सांसद आजम खां चुनाव लड़ेंगे। आजम खां इस सीट से नौ बार विधायक रहे हैं। साथ ही प्रदेश में जब-जब सपा की सरकार बनीं, तो वे सबसे ताकतवर मंत्री बने। वहीं, स्वार टांडा विधानसभा सीट से आजम खां के पुत्र अब्दुल्ला आजम खां सपा के टिकट पर एक बार फिर चुनाव मैदान में उतरेंगे।
हालांकि, 2017 के विधानसभा चुनाव में भी उन्हें प्रत्याशी बनाया गया था और जीत भी गए थे, लेकिन उम्र पूरी न होने के कारण हाईकोर्ट ने उनका निर्वाचन शून्य घोषित कर दिया था। अब सपा ने उन्हें दोबारा प्रत्याशी बनाया है।
भाजपा और कैप्टन ने लिखा चुनाव आयोग को पत्र, 16 फरवरी को गुरु श्री रविदास जयंती का दिया हवाला
पंजाब में 14 फरवरी को होने वाले मतदान को टालने की मांग अब तेज हो गई है। भारतीय जनता पार्टी और पूर्व मुख्यमंत्री कैप्टन अमरिंदर सिंह ने भी रविवार को चुनाव आयोग को पत्र लिखकर मतदान टालने की मांग की है। इसके पीछे वजह 16 फरवरी को होने वाली संत गुरु श्री रविदास की जयंती बताई है।
इससे पहले मुख्यमंत्री चरणजीत सिंह चन्नी और बहुजन समाज पार्टी की पंजाब इकाई यह मांग चुनाव आयोग से कर चुके हैं। अब भारतीय जनता पार्टी ने चुनाव आयोग को पत्र लिखकर सूबे में 14 फरवरी को होने वाली मतदान प्रक्रिया को आगे बढ़ाने की मांग की है। भाजपा ने पत्र में लिखा है कि 16 फरवरी को गुरु रविदास जयंती का पावन पर्व होने के कारण राज्य का एक बड़ा वर्ग वाराणसी जा सकता है। ऐसे में यदि राज्य में मतदान हुआ तो वह लोग वोट देने के अधिकार से वंचित रह जाएंगे। ऐसे में भाजपा पंजाब चुनाव आयोग से राज्य में 14 फरवरी को होने वाले मतदान को कुछ दिन आगे बढ़ाने की मांग करती है।
चुनाव आयोग को लिखे गए पत्र की पुष्टि करते हुए पंजाब भाजपा के प्रदेश महासचिव डॉ. सुभाष शर्मा ने बताया कि भाजपा को उम्मीद है कि चुनाव आयोग उनकी इस मांग पर गौर करेगा। भाजपा सभी वर्गों को साथ लेकर चलने वाली पार्टी है, इसलिए वह नहीं चाहती कि कोई भी वर्ग अपने वोट के अहम अधिकार से वंचित रहे। वहीं, दूसरी तरफ पंजाब के पूर्व मुख्यमंत्री कैप्टन अमरिंदर सिंह ने भी चुनाव आयोग को पत्र लिखकर मतदान प्रक्रिया की तिथि 20 फरवरी करने की मांग की है।
मान और केजरीवाल के बीच का जल्द फूटेगा बुलबुला
भाजपा पंजाब के प्रदेश अध्यक्ष अश्वनी शर्मा ने प्रदेश भाजपा मुख्यालय चंडीगढ़ में पत्रकारवार्ता में बातचीत के दौरान कहा कि दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल द्वारा मुख्यमंत्री पद का उम्मीदवार चुनने के लिए बनाया गया एप एक नाटक है। यह पूरी कवायद भगवंत मान को कुचलने की कुटिल चाल है। इसकी असली सच्चाई जल्द ही सबके सामने आ जाएगी। जिसके बाद मान और केजरीवाल के बीच का बुलबुला फूट जाएगा। अब केजरीवाल शैली की राजनीति का नाटक चरम पर पहुंच गया है।
अश्वनी शर्मा ने कहा कि आम आदमी पार्टी के पंजाब और केंद्रीय नेतृत्व के बीच तीखी नोकझोंक देखी जा रही है। दुर्भाग्य से आप के केंद्रीय नेता पंजाबी संस्कृति की बारीकियों, पंजाब के समृद्ध इतिहास के गौरव को नहीं समझते हैं। उन्होंने कहा कि केजरीवाल खुद को पंजाब के मुख्यमंत्री के तौर पर पेश नहीं कर पाएंगे।
शर्मा ने कहा कि कांग्रेस के नवजोत सिंह सिद्धू और अरविंद केजरीवाल को मुख्यमंत्री बनने की जल्दी है। शर्मा ने कहा कि पार्टियां हमेशा व्यक्ति से ऊपर होती हैं लेकिन अति महत्वाकांक्षी राजनेताओं ने बेशर्मी की सभी हदें पार कर मुख्यमंत्री बनने की रट लगाई है। शर्मा ने कहा कि मुख्यमंत्री का प्रतिष्ठित पद सभी के कल्याण के प्रति अत्यधिक जिम्मेदारी और प्रतिबद्धता का ताज है। बेहतर भविष्य और समतामूलक समाज की दिशा में काम करना हर राजनीतिक दल का धर्म है। दुर्भाग्य से आप संयोजक अरविंद केजरीवाल और कांग्रेस के प्रदेश अध्यक्ष नवजोत सिंह सिद्धू में परिपक्वता और दूरदर्शिता की भारी कमी है।
मध्य प्रदेश की पंचायतों की प्रशासकीय समितियों को मिल सकते हैं अधिकार, प्रधान और सदस्यों को मुख्यमंत्री करेंगे संबोधित
भोपाल। । मध्य प्रदेश में कोरोना संक्रमण के बढ़ते मामलों को देखते हुए सरकार फिर से ग्राम स्तरीय आपदा प्रबंधन समूहों को सक्रिय करने जा रही है। इसके लिए मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान सोेमवार को ग्राम, जनपद और जिला पंचायत की प्रशासकीय समितियों के प्रधान और सदस्यों को संबोधित करेंगे। इसमें उन्हें रोको-टोको अभियान चलाने की जिम्मेदारी दी जा सकती है। साथ ही पंचायतों की प्रशासकीय समितियों को फिर से अधिकार भी दिए जा सकते हैं। इसको लेकर पूर्व पंचायत प्रतिनिधि प्रदेशभर में ज्ञापन दे रहे हैं। शनिवार को मुख्यमंत्री से भी पूर्व सरपंचों ने मुलाकात की थी। छह जनवरी 2022 को पूर्व सरपंच (प्रधान) की प्रशासकीय समिति से वित्तीय अधिकार वापस ले लिए गए थे।
पंचायत एवं ग्रामीण विकास विभाग के प्रमुख सचिव उमाकांत उमराव ने सभी कलेक्टर और जिला पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारियों को मुख्यमंत्री के संबोधन के लिए पंचायत, जनपद और जिला पंचायत स्तर पर व्यवस्था करने के निर्देश दिए हैं। जिले के एनआइसी केंद्र पर चयनित पंचायतों की प्रशासकीय समिति के सदस्य और प्रधान भी मौजूद रहेंगे। मुख्यमंत्री इनसे संवाद भी करेंगे। बताया जा रहा है कि जिस तरह कोरोना की पहली और दूसरी लहर से निपटने में पंचायतों की प्रशासकीय समिति ने जागरुकता के काम किए थे, उसी तरह एक बार फिर गतिविधियां संचालित की जाएंगी।
मुख्यमंत्री आपदा प्रबंधन समूहों को टीकाकरण से जो भी पात्र व्यक्ति या बच्चे वंचित रह गए हैं, उन्हें चिन्हित कराके टीका लगवाने में स्वास्थ्य विभाग का सहयोग करने की जिम्मेदारी सौंप चुके हैं। साथ ही यह अपील भी की है कि जिन व्यक्तियों को सर्दी, खांसी या बुखार है, उनकी पहचान करके स्वास्थ्य कर्मियों को सूचित करें ताकि जांच हो सके। कोरोना संक्रमण की रोकथाम के लिए किसी भी जगह पर भीड़ को एकत्र न होने दें और मास्क का उपयोग अनिवार्य रूप से करने के लिए लोगों को प्रेरित करें। उधर, पंचायतों की प्रशासकीय समितियों को वित्तीय अधिकार वापस देने के संबंध में भी निर्णय लिया जा सकता है।
पंचायत चुनाव की घोषणा होने के बाद पूर्व सरंपच की अध्यक्षता वाली प्रशासकीय समितियों से अधिकार वापस ले लिए गए थे। चुनाव निरस्त होने के बाद चार जनवरी को पंचायत एवं ग्रामीण विकास विभाग ने फिर से वित्तीय अधिकार बहाल करने के आदेश जारी किए पर एक दिन बाद ही छह जनवरी को इस पर रोक लगा दी। पूर्व सरपंच इसका विरोध कर रहे हैं और प्रदेश भाजपा अध्यक्ष विष्णु दत्त श्ार्मा सहित मंत्रियों से मुलाकात करके ज्ञापन भी सौंप चुके हैं।
मध्य प्रदेश सरकार मंगलवार को दो हजार करोड़ रुपये का ऋण लेगी, अब तक इतना कर्ज!
भोपाल। । प्रदेश में आर्थिक गतिविधियों को बढ़ावा देने और विकास परियोजनाओं के क्रियान्वयन के लिए सरकार मंगलवार को दो हजार करोड़ रुपये का ऋण लेगी। भारतीय रिजर्व बैंक (आरबीआइ) के माध्यम से यह ऋण बीस साल के लिए लिया जाएगा।
प्रदेश सरकार इस वर्ष अब तक 13 हजार करोड़ रुपये से अधिक ऋण ले चुकी है। सरकार के ऊपर मार्च 2021 की स्थिति में दो लाख 53 हजार 335 करोड़ रुपये का ऋण है। जो अब बढ़कर दो लाख 68 हजार 335 करोड़ रुपये तक पहुंचने की संभावना है। इसमें बाजार का ऋण सर्वाधिक एक लाख 54 हजार करोड़ रुपये से अधिक है।
विधानसभा में कांग्रेस के विधायकों ने प्रदेश के ऊपर ऋण की स्थिति को लेकर प्रश्न भी पूछे थे। वित्त मंत्री जगदीश देवड़ा ने बताया था कि सरकार नियमों के दायरे में रहते हुए आर्थिक गतिविधियों को बढ़ावा देने और विकास परियोजनाओं के लिए ऋण लेती है और उसके लिए बजट में प्रविधान भी किए जाते हैं।
केंद्रीय राज्यमंत्री डा.एल मुरुगन ने की विभागीय योजनाओं की समीक्षा
केंद्रीय सूचना एवं प्रसारण, पशुपालन, मत्स्य और डेयरी राज्य मंत्री डा. एल मुरुगन ने रविवार को भोपाल में पशुपालन, मत्स्य और डेयरी विभाग के कामकाज की समीक्षा की। विभागीय अधिकारियों के साथ बैठक में विभिन्न् क्षेत्रों किए जा रहे कामों के बारे में जानकारी ली। साथ ही निर्देश दिए कि पशुपालन और मत्स्य पालन के माध्यम से किसानों की आय में वृद्धि के लिए केंद्र सरकार द्वारा तय कार्यक्रमों का क्रियान्वयन प्रभावी तरीके से किया जाए। इस दौरान विभाग के वरिष्ठ अधिकारी मौजूद थे। उन्होंने मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान से मुलाकात भी की।
लक्ष्य सेन ने जीता इंडिया ओपन का खिताब, कड़े मुकाबले में वर्ल्ड चैंपियन को दी मात
भारत के शटलर लक्ष्य सेन ने रविवार को केडी जाधव स्टेडियम में चल रहे इंडिया ओपन 2022 का पुरुष एकल फाइनल जीता। लक्ष्य ने 54 मिनट तक चले मुकाबले में मौजूदा विश्व चैंपियन सिंगापुर के लोह कीन यू को 24-22, 21-17 से हराया। यह पहली बार है जब लक्ष्य सेन अपने करियर में सुपर 500 का खिताब जीतने में सफल रहे हैं। लक्ष्य ने शनिवार को सेमीफाइल में मलेशिया के एनजी त्जे योंग को हराकर फाइनल में जगह बनाई थी।





