देशभर में सोमवार को जन्माष्टमी धूमधाम से मनाई गई. भगवान कृष्ण के जन्मोत्सव की धूम कश्मीर से केरल तक देखने को मिली. कोरोना काल में कान्हा की नगरी मथुरा में अलग ही नजारा देखने को मिला. नंदलला के दर्शन के लिए देशभर के तमाम मंदिरों में लोगों की अच्छी खासी भीड़ देखने को मिली.
भाद्रपद कृष्ण अष्टमी तिथि की आधी रात को मथुरा के कारागार में वासुदेव की पत्नी देवकी के गर्भ से भगवान श्रीकृष्ण ने जन्म लिया था. श्रीकृष्ण के जन्म की इसी शुभ घड़ी का उत्सव पूरे देश में धूमधाम से मनाया गया. श्रीकृष्ण के जन्मोत्सव पर जंहा मथुरा और वृन्दावन में धूमधाम से जन्माष्टमी मनाई जाती है. वहीं, कृष्ण का ससुराल भी इस दिन पीछे नहीं रहता है. कुदरकोट में भी यह पर्व पूरे हर्षोल्लास के साथ मनाया जाता है. अपने प्रिय दामाद का जन्मदिन मनाने की वजह से इस जगह को खास पहचान मिली हुई है.
कोरोना के साये में सोमवार को देशभर में कृष्ण जन्माष्टमी सादगीपूर्ण तरीके से मनाई गई। मंदिरों में जय कन्हैया लाल की की गूंज के बीच लोग नाचते-गाते दिखे। राजस्थान की धार्मिक नगरी अजमेर और मंदिरों की नगरी पुष्कर में सुबह से ही श्रद्धा, भक्ति, उल्लास एवं उत्साहपूर्वक परंपरागत तरीके से जन्माष्टमी मनाई गई। कोविड-19 की वजह से अधिकतर राज्यों में मंदिरों में श्रद्धालुओं के प्रवेश पर पाबंदी रही।
श्रीनगर में दो साल बाद जन्माष्टमी का जुलूस निकाला गया
श्रीनगर में दो साल बाद कड़ी सुरक्षा के बीच कश्मीरी पंडितों ने जन्माष्टमी पर जुलूस निकाला। अधिकारियों ने बताया कि जुलूस शहर के हब्बा कदल इलाके के गणपतियार मंदिर से शुरू हुआ और ऐतिहासिक लाल चौक स्थित घंटाघर तक पहुंचा। पुरुषों, महिलाओं और बच्चों सहित भक्तों ने रथ के साथ नृत्य किया और लोगों के बीच मिठाई बांटी। उन्होंने कहा कि जुलूस अमीरकदल पुल को पार कर जहांगीर चौक से गुजरा और मंदिर लौट आया। श्रद्धालुओं में से एक वरिष्ठ नागरिक ने कहा कि दो साल बाद उन्हें श्रीनगर में जन्माष्टमी का जुलूस निकालने की अनुमति मिली। कोविड-19 के कारण 2020 में कोई जुलूस नहीं निकाला गया था, जबकि अगस्त 2019 में जम्मू-कश्मीर के विशेष दर्जे को निरस्त करने के मद्देनजर लगाए गए लॉकडाउन के कारण इस आयोजन को रद्द कर दिया गया था।
मध्यप्रदेश और केरल में उत्सव
मध्यप्रदेश में भोपाल सहित राज्यभर में जन्माष्टमी धूमधाम से मनाई गई। इस अवसर पर मंदिरों में भक्तों की भारी भीड़ देखी गई। मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने प्रदेशवासियों को जन्माष्टमी पर्व की शुभकामनाएं दीं। केरल के प्रसिद्ध पद्मनाभस्वामी मंदिर में भक्त दर्शन करने के लिए पहुंचे। हालांकि, कोरोना पर पाबंदी की वजह से इस बार पहले की तरह रौनक नहीं है। कोरोना महामारी को देखते हुए मंदिर प्रशासन ने श्रद्धालुओं के लिए पर्याप्त इंतजाम किए गए थे।








