भोपाल रिटायर्ड IAS मर्डर केस में बड़ा एक्शन, 21 दिन बाद SIT गठित; AIG करेंगे जांच की अगुवाई

0
2

मध्य प्रदेश की राजधानी भोपाल में रिटायर्ड आईएएस अधिकारी की हत्या के मामले में जांच को गति देने के लिए विशेष जांच दल (SIT) का गठन किया गया है। घटना के 21 दिन बाद एसआईटी गठित किए जाने के बाद मामले की जांच की जिम्मेदारी अब विशेष टीम संभालेगी। टीम की अगुवाई एआईजी (AIG) करेंगे।

इस मामले में एसआईटी के गठन को जांच की दिशा में अहम कदम माना जा रहा है। विशेष जांच दल हत्या से जुड़े तथ्यों, उपलब्ध साक्ष्यों और अब तक की जांच में सामने आए पहलुओं की पड़ताल करेगा। टीम मामले की कड़ियों को जोड़ने के साथ यह पता लगाने का प्रयास करेगी कि वारदात किन परिस्थितियों में हुई और इसमें कौन-कौन शामिल हो सकता है।

घटना के 21 दिन बाद एसआईटी गठित होने से मामले की जांच और पुलिस की कार्रवाई पर लोगों की नजरें टिकी हैं। हालांकि, जांच से जुड़े विस्तृत तथ्यों, एसआईटी में शामिल अन्य अधिकारियों और अब तक की कार्रवाई की आधिकारिक जानकारी सामने आने पर मामले की तस्वीर और स्पष्ट होगी। पुलिस जांच के निष्कर्षों के आधार पर आगे की कार्रवाई करेगी।

मुख्य आरोपी 21 दिन बाद भी फरार
रिटायर्ड आईएएस अधिकारी राकेश अग्रवाल की 30 सितंबर की रात रातीबड़ थाना क्षेत्र के सूरज नगर स्थित उनके आवास पर हत्या कर दी गई थी। इस मामले में उनके केयरटेकर वरुण कुमार पर संदेह है, जो घटना के बाद से फरार है। पुलिस ने उसकी गिरफ्तारी पर 50 हजार रुपये का इनाम घोषित किया है और ग्वालियर, मथुरा, वृंदावन तथा पंजाब सहित कई स्थानों पर तलाश की है।

पांच सदस्यीय एसआईटी करेगी जांच
एसआईटी की अध्यक्षता पुलिस मुख्यालय में पदस्थ एआईजी उमेश तिवारी करेंगे। टीम में अपराध शाखा और रातीबड़ थाने के पुलिस अधिकारियों-कर्मचारियों को शामिल किया गया है। दल को मामले की आगे की विवेचना, संदिग्ध की गिरफ्तारी और जांच की प्रगति से वरिष्ठ अधिकारियों को साप्ताहिक जानकारी देने की जिम्मेदारी सौंपी गई है।

आईएएस एसोसिएशन के प्रतिनिधिमंडल ने मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव से मुलाकात कर मामले की निष्पक्ष और विस्तृत जांच की मांग की थी। अब एसआईटी के गठन के बाद हत्या के पीछे की वजह और अन्य संभावित पहलुओं की जांच पर विशेष ध्यान रहेगा।

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here