भारत में नवाचार, डिजाइन और विनिर्माण को बढ़ावा देने के उद्देश्य से ‘डिजाइन इन इंडिया’, ‘मेक फॉर इंडिया’ और ‘मेक फॉर द वर्ल्ड’ के संकल्प को साकार करने पर जोर दिया जा रहा है। इस पहल का लक्ष्य देश की प्रतिभा, तकनीक और उत्पादन क्षमता को वैश्विक स्तर पर स्थापित करना है।
डिजाइन और नवाचार को मिलेगा बढ़ावा
‘डिजाइन इन इंडिया’ के तहत देश में उत्पादों के डिजाइन, अनुसंधान और नवाचार की क्षमता को मजबूत करने पर जोर है। इसका उद्देश्य भारतीय युवाओं, स्टार्टअप्स और उद्योगों को नए उत्पाद विकसित करने के लिए बेहतर अवसर उपलब्ध कराना है।
घरेलू जरूरतों से वैश्विक बाजार तक
‘मेक फॉर इंडिया’ के जरिए देश की बढ़ती घरेलू जरूरतों को ध्यान में रखते हुए भारत में ही उत्पादन क्षमता बढ़ाने का लक्ष्य है। वहीं ‘मेक फॉर द वर्ल्ड’ के तहत भारतीय उत्पादों को अंतरराष्ट्रीय बाजारों तक पहुंचाने और वैश्विक आपूर्ति श्रृंखला में भारत की भूमिका मजबूत करने पर फोकस किया जा रहा है।
सरकार का जोर तकनीक, कौशल, अनुसंधान और उद्योग के बीच बेहतर तालमेल विकसित करने पर भी है। इससे विनिर्माण क्षेत्र में नए अवसर पैदा होने और भारत की वैश्विक प्रतिस्पर्धात्मक क्षमता मजबूत होने की उम्मीद है।









