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मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने केंद्रीय कृषि मंत्री चौहान को पुस्तक विमोचन पर दीं बधाई

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मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने केंद्रीय कृषि मंत्री चौहान को पुस्तक विमोचन पर दीं बधाई
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के साथ कार्य करने के अनेक अनुभव लाखों कार्यकर्ताओं के पास हैं, लेकिन केंद्रीय मंत्री शिवराज सिंह चौहान का लगभग 35 वर्षों का लंबा साथ विशेष महत्व रखता है। केन्द्रीय मंत्री चौहान ने युवा मोर्चा के अध्यक्ष, केसरिया वाहिनी के दायित्व, मध्यप्रदेश के मुख्यमंत्री और वर्तमान में केंद्रीय कृषि मंत्री के रूप में अपने लंबे सार्वजनिक जीवन के अनुभवों को पुस्तक अपनापन में साझा किया है। यह केवल संस्मरणों का संकलन नहीं, बल्कि संगठन, समर्पण, संघर्ष और नेतृत्व की शैली को समझने का महत्वपूर्ण दस्तावेज है। पुस्तक ”अपनापन”नई पीढ़ी और कार्यकर्ताओं को प्रेरणा देने का कार्य करेगी। सभी कार्यकर्ता और युवा यह पुस्तक पढ़ें और उससे मार्गदर्शन प्राप्त करें। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने यह विचार केंद्रीय कृषि एवं किसान कल्याण तथा ग्रामीण विकास मंत्री शिवराज सिंह चौहान की पुस्तक ‘’अपनापन : नरेंद्र मोदी संग मेरे अनुभव” के नई दिल्ली में हुए लोकार्पण कार्यक्रम के बाद मीडिया प्रतिनिधियों से चर्चा में व्यक्त किए।

पूर्व प्रधानमंत्री देवगौड़ा और पूर्व उपराष्ट्रपति वैंकेया नायडू की गरिमामयी उपस्थिति में हुआ कार्यक्रम
मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि प्रधानमंत्री मोदी के साथ व्यतीत गए समय और उस काल के अनुभवों पर आधारित यह पुस्तक, कार्यकर्ताओं और जनप्रतिनिधियों के लिए अत्यंत प्रेरणादायी है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने केंद्रीय मंत्री शिवराज सिंह चौहान और पुस्तक के प्रकाशक प्रभात प्रकाशन को बधाई और शुभकामनाएं दीं। कार्यक्रम पूर्व प्रधानमंत्री एच.डी. देवगौड़ा और पूर्व उपराष्ट्रपति एम. वैंकेया नायडू की गरिमामयी उपस्थिति में हुआ। कार्यक्रम में केन्द्रीय मंत्रीगण, अनेक प्रदेशों के राज्यपाल, मुख्यमंत्री, पत्रकार, समाजधर्मी और लेखक उपस्थित थे।

मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय से केंद्रीय कोयला एवं खान राज्य मंत्री सतीश चंद्र दुबे ने की सौजन्य मुलाकात

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मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय से केंद्रीय कोयला एवं खान राज्य मंत्री सतीश चंद्र दुबे ने की सौजन्य मुलाकात
मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय से आज मंत्रालय महानदी भवन स्थित उनके कार्यालय में केंद्रीय कोयला एवं खान राज्य मंत्री सतीश चंद्र दुबे ने सौजन्य भेंट की। इस अवसर पर छत्तीसगढ़ के औद्योगिक विकास, ऊर्जा सुरक्षा, खनिज क्षेत्र के विस्तार तथा आधारभूत संरचना विकास से जुड़े विभिन्न विषयों पर विस्तृत और सकारात्मक चर्चा हुई।

बैठक में छत्तीसगढ़ में कोयला उत्पादन बढ़ाने, खनन क्षेत्रों में बुनियादी अधोसंरचना को सुदृढ़ करने, रेल एवं लॉजिस्टिक्स कनेक्टिविटी के विस्तार तथा औद्योगिक गतिविधियों को और गति देने के विषय पर विचार-विमर्श किया गया। इसके साथ ही स्वच्छ ऊर्जा को प्रोत्साहन, कोयला गैसीकरण, सौर ऊर्जा विकास तथा खनिज संसाधनों के बेहतर उपयोग के माध्यम से निवेश और रोजगार के नए अवसर सृजित करने पर भी विशेष चर्चा हुई।

मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने कहा कि छत्तीसगढ़ प्राकृतिक संसाधनों से समृद्ध राज्य है और केंद्र सरकार के सहयोग से ऊर्जा, खनन एवं औद्योगिक विकास के क्षेत्र में राज्य नई संभावनाओं की ओर तेजी से आगे बढ़ रहा है। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार निवेश अनुकूल वातावरण तैयार करते हुए युवाओं के लिए रोजगार के अवसर बढ़ाने और क्षेत्रीय विकास को गति देने के लिए प्रतिबद्ध है।

इस अवसर पर मुख्यमंत्री के प्रमुख सचिव सुबोध कुमार सिंह, छत्तीसगढ़ खनिज विकास निगम के प्रबंध संचालक रजत बंसल, साउथ ईस्टर्न कोलफील्ड्स लिमिटेड (SECL) के अध्यक्ष-सह-प्रबंध निदेशक हरीश दुहन सहित अन्य वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित थे।

’‘अपनापन’ के विमोचन समारोह में शामिल हुए मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय’

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’‘अपनापन’ के विमोचन समारोह में शामिल हुए मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय’
मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय आज नई दिल्ली स्थित पूसा परिसर में आयोजित केंद्रीय कृषि एवं किसान कल्याण तथा ग्रामीण विकास मंत्री शिवराज सिंह चौहान की पुस्तक ‘अपनापन’ के विमोचन समारोह में शामिल हुए। यह पुस्तक प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी जी के साथ चौहान के सार्वजनिक जीवन, आत्मीय संबंधों और कार्य अनुभवों पर आधारित है, जिसमें नेतृत्व, जनसेवा और व्यक्तिगत संवेदनाओं को प्रेरक एवं भावनात्मक शैली में प्रस्तुत किया गया है।

कार्यक्रम के दौरान मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने शिवराज सिंह चौहान को पुस्तक के प्रकाशन पर शुभकामनाएं देते हुए कहा कि सार्वजनिक जीवन के अनुभवों को पुस्तक के माध्यम से समाज तक पहुँचाना एक प्रेरणादायी पहल है। उन्होंने कहा कि ऐसे प्रयास जनप्रतिनिधियों के अनुभवों, कार्यशैली और जनसेवा के मूल्यों को नई पीढ़ी तक पहुंचाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं।

मुख्यमंत्री साय ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में देश में जनसेवा, सुशासन और संवेदनशील नेतृत्व की नई कार्यसंस्कृति विकसित हुई है। इस पृष्ठभूमि में सार्वजनिक जीवन के अनुभवों पर आधारित यह पुस्तक निश्चित रूप से पाठकों को प्रेरित करेगी तथा नेतृत्व और समाजसेवा के विभिन्न आयामों को समझने का अवसर प्रदान करेगी। इस अवसर पर केंद्रीय मंत्रीगण, देश के विभिन्न राज्यों के मुख्यमंत्री, जनप्रतिनिधि और अनेक गणमान्य नागरिक उपस्थित थे।

ईरान ने दावा किया है कि अमेरिका का MQ-9 Reaper Drone मार गिराया

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ईरान ने दावा किया है कि अमेरिका का MQ-9 Reaper Drone मार गिराया
अमेरिका और ईरान के बीच तनाव अब खतरनाक मोड़ पर पहुंच गया है। दक्षिणी ईरान में अमेरिकी हमलों के बाद ईरान ने बड़ा दावा करते हुए कहा है कि उसने ‘होर्मुज स्ट्रेट’ के ऊपर उड़ रहे अमेरिका के ताकतवर ड्रोन में से एक ‘MQ-9 रीपर ड्रोन’ को मार गिराया है।

ईरानी रिवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स (IRGC) ने इसका वीडियो भी जारी किया है, जिसमें ड्रोन का मलबा दिखाई दे रहा है। ईरान का कहना है कि यह कार्रवाई उसके नए एयर डिफेंस सिस्टम ने की। दूसरी ओर अमेरिका ने साफ कहा है कि होर्मुज स्ट्रेट हर हाल में खुला रहना चाहिए।

इसी बीच ईरान के सुप्रीम लीडर मुजतबा खामनेई ने अमेरिका को खुली चेतावनी देते हुए कहा कि अब वेस्ट एशिया में अमेरिकी ठिकाने सुरक्षित नहीं रहेंगे। लगातार हमलों और जवाबी कार्रवाई के बीच मिडिल ईस्ट में युद्ध का खतरा और गहरा होता जा रहा है

हमें जवाब देने का पूरा अधिकार है: ईरान
ईरान ने कहा कि अगर अमेरिका सीजफायर का उल्लंघन करता है, तो उसे जवाब देने का पूरा अधिकार है। यह घटना ऐसे समय हुई जब अमेरिका ने कहा था कि उसने अपनी सुरक्षा के लिए ईरान में मिसाइल लॉन्च साइट्स पर कार्रवाई की।

अमेरिकी सेंट्रल कमांड (सेंटकाम) के मुताबिक यह कार्रवाई सेल्फ-डिफेंस (आत्मरक्षा) में की गई। सेंटकाम के प्रवक्ता टिमोथी हॉकिन्स ने कहा कि अमेरिकी सैनिकों और युद्धपोतों को खतरे से बचाने के लिए ये हमले किए गए। अमेरिका ने होर्मुज स्ट्रेट के पास कथित तौर पर बारूदी सुरंग बिछा रही बोट्स को निशाना बनाया। इसके अलावा बंदर अब्बास पोर्ट के पास सरफेस टू एयर मिसाइल साइट पर भी हमला किया।

ईरान की विभिन्न समाचार एजेंसियों के अनुसार दक्षिणी ईरान के बंदर अब्बास में अमेरिकी हमलों में ईरानी रिवोल्यूशनरी गार्ड के 4 जवानों के मारे जाने का दावा किया गया है।

हमले के बाद ईरान की सेना ने कहा कि अगर उस पर फिर हमला हुआ, तो वह पहले से ज्यादा बड़ा और कड़ा जवाब देगा। सेना के प्रवक्ता अबोलफजल शेखरची ने कहा कि अगली बार ईरान की कार्रवाई सिर्फ इस क्षेत्र तक सीमित नहीं रहेगी। अगर फिर युद्ध जैसी स्थिति बनी, तो जवाब पहले से ज्यादा बड़ा और हिंसक होगा।

अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप का दावा
अमेरिका के राष्ट्रपति ट्रंप ने कहा है कि ईरान का संवर्धित यूरेनियम (एनरिच्ड यूरेनियम) अमेरिका को सौंपने के बाद नष्ट कर दिया जाएगा। ट्रंप के मुताबिक यह प्रक्रिया ईरान में ही या किसी दूसरी मंजूर जगह पर हो सकती है। उन्होंने कहा कि पूरी कार्रवाई अंतरराष्ट्रीय निगरानी में होगी, ताकि सब कुछ पारदर्शी तरीके से हो।

ट्रंप ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर ट्रुथ पर लिखा कि यूरेनियम को या तो तुरंत अमेरिका भेजा जाएगा और वहां नष्ट किया जाएगा, या फिर ईरान की सहमति से मौके पर ही खत्म किया जाएगा। इस दौरान इंटरनेशनल एटॉमिक एनर्जी एजेंसी जैसी संस्था मौजूद रहेगी।

हालांकि ट्रंप ने यह नहीं बताया कि यूरेनियम की मात्रा कितनी है। दूसरी ओर, ईरान ने साफ कर दिया है कि वह अपने देश से एनरिच्ड यूरेनियम बाहर भेजने के लिए तैयार नहीं है। ईरान की तस्नीम न्यूज एजेंसी ने उन रिपोर्ट्स को गलत बताया, जिनमें कहा गया था कि तेहरान यूरेनियम बाहर भेजने पर सहमत हो गया है।

रिपोर्ट्स के मुताबिक अमेरिका और ईरान के बीच संभावित समझौते पर बातचीत चल रही है। इसमें अमेरिका द्वारा 12 अरब डॉलर की जब्त ईरानी संपत्ति जारी करने और कुछ प्रतिबंध हटाने की बात कही गई है, लेकिन इसमें कोई परमाणु समझौता शामिल नहीं बताया गया।

रितेश के करियर की ‘राजा शिवाजी’ बनी सबसे बड़ी मराठी हिट फिल्म

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रितेश के करियर की ‘राजा शिवाजी’ बनी सबसे बड़ी मराठी हिट फिल्म
एक्टर रितेश देशमुख इंडस्ट्री का चमकता सितारा हैं. उन्होंने 2003 में अपने करियर की शुरुआत की. रितेश की कई फिल्मों ने 150 करोड़ से ज्यादा की कमाई की. हालांकि, ज्यादातर फिल्में मल्टीस्टारर थीं. सिंगल हीरो के तौर पर 100 करोड़ या 150 करोड़ क्लब में उनकी किसी फिल्म ने 100 करोड़ क्लब में एंट्री नहीं ली थी.

‘राजा शिवाजी’ की 100 करोड़ क्लब में एंट्री
लेकिन अब ‘राजा शिवाजी’ ने ये सपना पूरा कर दिया. ‘राजा शिवाजी’ 100 करोड़ क्लब में एंट्री करने वाली फिल्म बन गई है. कोईमोई के मुताबिक, फिल्म ने 24 दिन में 101.4 करोड़ का नेट कलेक्शन कर लिया. वहीं 119.65 करोड़ का बिजनेस कर लिया है. इस मराठी फिल्म ने रितेश के करियर को नई ऊंचाई दी है.

बता दें कि इससे पहले 100 करोड़ क्लब में एंट्री करने वाली रितेश की पहली फिल्म ‘हाउसफुल 2’ थी. ये मल्टी स्टारर फिल्म थी. बॉलीवुड हंगामा के मुताबिक, फिल्म ने 106 करोड़ का कलेक्शन किया था. इसके बाद ‘ग्रैंड मस्ती’ ने 102 करोड़ कमाए थे. ये भी मल्टीस्टारर फिल्म थी.

रितेश की ‘एक विलेन’ ने 105.62 करोड़ कमाए थे. इस फिल्म में वो हीरो नहीं विलेन के रोल में थे. फिल्म ‘हाउसफुल 3’ ने 109.14 करोड़ कमाए. वहीं ‘हाउसफुल 4’ ने 194.60 करोड़ और ‘हाउसफुल 5’ ने 160.72 करोड़ कमाए. फिल्म ‘टोटल धमाल’ ने 154.23 करोड़ कमाए. ये सभी फिल्में मल्टी स्टारर थीं. राजा शिवाजी से पहले रितेश देशमुख को मस्ती 4 में देखा गया था. ये फिल्म फ्लॉप हो गई थी. फिल्म ने 11.52 करोड़ ही कमाए थे.

‘राजा शिवाजी’ की बात करें तो इस फिल्म में रितेश देशमुख ने छत्रपति शिवाजी महाराज का रोल प्ले किया था. इस फिल्म को उन्होंने ही डायरेक्ट किया है. फिल्म में उनकी पत्नी जेनेलिया भी हैं. वहीं उनके 10 साल के बेटे राहिल ने भी फिल्म से डेब्यू किया है. फिल्म में अभिषेक बच्चन, संजय दत्त, विद्या बालन जैसे स्टार्स थे. सुपरस्टार सलमान खान ने फिल्म में कैमियो रोल प्ले किया था.

कांग्रेस ने सिद्दारमैया को दिल्ली में राज्यसभा सीट, गुरुवार को हो सकता है इस्तीफा

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कांग्रेस ने सिद्दारमैया को दिल्ली में राज्यसभा सीट, गुरुवार को हो सकता है इस्तीफा
कर्नाटक की राजनीति में इन दिनों मुख्यमंत्री पद को लेकर सस्पेंस बना हुआ है. मुख्यमंत्री सिद्धारमैया को पद छोड़ने के बदले कांग्रेस नेतृत्व की ओर से राज्यसभा सीट और दिल्ली में बड़ी भूमिका का प्रस्ताव दिए जाने की चर्चा है. हालांकि, उन्होंने अभी इस प्रस्ताव पर सहमति नहीं दी है. लेकिन, सूत्रों के मुताबिक, सिद्धारमैया गुरुवार को सीएम पद से इस्तीफा दे सकते हैं. वे दिल्ली से बेंगलुरू के लिए मंगलवार की रात को निकल चुके हैं, जबकि डीके शिवकुमार भी बुधवार की दोपहर साढ़े बारह बजे बेंगलुरू के लिए रवाना हो जाएंगे.

सिद्धारमैया ने गुरुवार को ब्रेकफास्ट मीटिंग बुलाई है, जिसमें वे अपने इस्तीफे का ऐलान कर सकते हैं. इसके बाद, डीके शिवकुमार का अगले हफ्ते सीएम पद का शपथग्रहण हो सकता है.

सिद्धारमैया को बड़ा ऑफर
यह ऑफर ऐसे समय पर सामने आया है जब कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे और राहुल गांधी ने डीके शिवकुमार और सिद्धारमैया के साथ लंबी बैठक कर नेतृत्व विवाद सुलझाने की कोशिश की. हालांकि, कांग्रेस ने आधिकारिक तौर पर इन अटकलों को खारिज किया है. पार्टी के वरिष्ठ नेता K. C. Venugopal ने साफ कहा कि बैठक में केवल राज्यसभा और विधान परिषद चुनावों पर चर्चा हुई और नेतृत्व परिवर्तन को लेकर जो भी खबरें चल रही हैं, वे महज कयास हैं.

इसी बीच, बैठक के बाद सिद्धारमैया ने अपने करीबी मंत्रियों के साथ अलग से चर्चा की, जिससे राजनीतिक हलकों में अटकलें और तेज हो गई हैं. गौरतलब है कि 2023 में कांग्रेस की जीत के बाद से ही सिद्धारमैया और शिवकुमार खेमों के बीच खींचतान की खबरें सामने आती रही हैं.

जल्द कर्नाटक में बड़ा बदलाव
कांग्रेस हाईकमान ने 2023 में कर्नाटक में सरकार बनने के बाद से कई बार हस्तक्षेप किया है, ताकि दोनों नेताओं के बीच तनाव को कम किया जा सके. डीके शिवकुमार खेमे के समर्थकों का लगातार दावा रहा है कि सरकार गठन के समय ‘रोटेशनल मुख्यमंत्री’ के फार्मूले पर सहमति बनी थी. हालांकि, कांग्रेस हाईकमान ने इस तरह के किसी भी समझौते को कभी आधिकारिक रूप से स्वीकार नहीं किया है.

फिलहाल स्थिति पूरी तरह स्पष्ट नहीं है, लेकिन इतना जरूर है कि कर्नाटक में सत्ता संतुलन को लेकर अंदरखाने बातचीत जारी है और आने वाले दिनों में बड़ा फैसला सामने आ सकता है.

गुलमर्ग में सैकड़ों फीट ऊपर हवा में फंसे 300 पर्यटक

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गुलमर्ग में सैकड़ों फीट ऊपर हवा में फंसे 300 पर्यटक
जम्मू-कश्मीर के बारामूला में दुनिया के तीसरे सबसे ऊंचे रोपवे गुलमर्ग गोंडोला में सोमवार को तकनीकी खराबी आने के बाद पर्यटकों की सांसें अटक गई। रोपवे के केबिन में सैकड़ों फीट की ऊंचाई पर फंसे करीब 300 लोगों को सेना, पुलिस और प्रशासन की टीमों ने देर शाम तक सुरक्षित निकाल लिया गया। हादसे ने पर्यटकों की सुरक्षा के साथ-साथ इस विशाल रोपवे सिस्टम की वजन उठाने की क्षमता और तकनीकी मानकों पर भी बड़े सवाल खड़े कर दिए हैं।

पर्यटकों में बढ़ती दहशत को देखते हुए जम्मू-कश्मीर पर्यटन विभाग और स्थानीय रेस्क्यू टीमों ने तुरंत मोर्चा संभाला और हवा में लटके सैलानियों को सुरक्षित नीचे उतारने के लिए एक बड़ा बचाव अभियान शुरू कर दिया है। घटना के बाद खुद मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला राहत कार्यों की जानकारी लेते रहे। गुलमर्ग रोपवे एशिया का सबसे ऊंचा और सबसे लंबा केबल कार है। यह दुनिया का तीसरा सबसे ऊंचा केबल कार है। इसकी अधिकतम ऊंचाई करीब 3,980 मीटर है।

पहले हो चुका है बड़ा हादसा
इससे पहले गुलमर्ग गोंडोला में 25 जून 2017 को हादसा हुआ था। तेज आंधी के दौरान एक पेड़ गोंडोला की केबल लाइन पर गिर गया। इससे एक केबिन जोर से झूलने लगा और उसके शीशे टूट गए। केबिन में सवार लोग करीब 100 फीट नीचे गिर गए, जिससे सात लोगों की मौत हो गई थी।

आगरा में जिप लाइन का कुंडा टूटा, किशोर की मौत
यूपी में आगरा के ताजगंज क्षेत्र स्थित चौपाटी में रविवार को एडवेंचर राइड के दौरान जिप लाइनिंग झूले का कुंडा टूटने से 14 साल के किशोर की मौत हो गई। हादसे के बाद परिजनों में चीख पुकार मच गई। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार रविवार शाम को चौपाटी पर फिरोजाबाद का परिवार आया हुआ था। 14 साल का कुणाल अग्रवाल जिप लाइनिंग का आनंद ले रहा था। तभी अचानक जिप लाइन में खराबी आ गई। उसका कुंडा टूट गया, जिससे वह ऊंचाई से नीचे गिर पड़ा। फिलहाल पुलिस पूरे मामले की जांच में जुटी है और हादसे के कारणों का पता लगाने की कोशिश की जा रही है।

नीट पेपर लीक पर सुप्रीम कोर्ट की तीखी टिप्पणी

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नीट पेपर लीक पर सुप्रीम कोर्ट की तीखी टिप्पणी
नीट-यूजी पेपर लीक मामले में सुप्रीम कोर्ट ने राष्ट्रीय परीक्षा एजेंसी (NTA) पर कड़ी नाराजगी जताई है। अदालत ने कहा कि यह बेहद दुखद है कि पिछली घटनाओं के बावजूद एनटीए ने कोई सबक नहीं सीखा।

जस्टिस पीएस नरसिम्हा और जस्टिस आलोक अराधे की बेंच ने मामले की सुनवाई करते हुए एनटीए से तीन दिन के भीतर विस्तृत हलफनामा दाखिल करने को कहा है। अदालत ने पूछा है कि पिछली बार पेपर लीक मामले के बाद गठित उच्चाधिकार समिति की सिफारिशों पर अब तक क्या कार्रवाई हुई।

सुप्रीम कोर्ट ने जताई नाराजगी
सुनवाई के दौरान जस्टिस पीएस नरसिम्हा ने कहा, “हमें बहुत दुख है कि एनटीए ने कोई सबक नहीं सीखा। हमने पिछली बार पेपर लीक मामले में सिफारिशें देने के लिए एक उच्चाधिकार समिति गठित करने का आदेश दिया था। उसकी सिफारिशों पर अमल का क्या हुआ?”

नई एजेंसी बनाने की मांग
दरअसल, फेडरेशन ऑफ ऑल इंडिया मेडिकल एसोसिएशन (FAIMA) की ओर से सुप्रीम कोर्ट में याचिका दायर की गई है।

याचिका में मांग की गई है कि नीट परीक्षा के संचालन की जिम्मेदारी एनटीए से वापस ली जाए और इसके लिए एक मजबूत एवं स्वायत्त नई एजेंसी बनाई जाए।

सरकार, NTA और CBI से जवाब तलब
सुप्रीम कोर्ट ने ताजा पेपर लीक मामले में केंद्र सरकार, एनटीए और सीबीआई से भी जवाब मांगा है। इसके अलावा अदालत ने इसरो के पूर्व प्रमुख के. राधाकृष्णन की अध्यक्षता वाली उच्चाधिकार समिति को भी निर्देश दिया है कि वह अपनी सिफारिशों पर अमल के लिए उठाए गए कदमों की जानकारी हलफनामे के जरिए दे।

छात्रा की आत्महत्या का मामला भी सामने आया
इसी बीच महाराष्ट्र के लातूर जिले से एक दुखद मामला सामने आया है। गोंडेगांव की रहने वाली छात्रा मैथिली ने कथित तौर पर नीट परीक्षा रद्द होने के तनाव में आत्महत्या कर ली।

मैथिली का शव 16 मई को पेड़ से लटका मिला था। छात्रा के पिता अशोक सोनवणे ने पुलिस को दिए बयान में कहा कि उनकी बेटी परीक्षा रद्द होने से बेहद तनाव में थी। वह बार-बार कह रही थी कि उसका पेपर अच्छा गया था और अब परीक्षा रद्द होने के बाद भविष्य का क्या होगा।

परीक्षा प्रणाली पर बढ़ते सवाल
नीट पेपर लीक मामले ने देश की सबसे बड़ी मेडिकल प्रवेश परीक्षा की पारदर्शिता और सुरक्षा व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।

अब सुप्रीम कोर्ट की सख्त टिप्पणी के बाद आने वाले दिनों में परीक्षा प्रणाली और एनटीए की कार्यप्रणाली को लेकर बड़ा फैसला सामने आ सकता है।

अब्राहम समझौते को बढ़ाने की कोशिश में डोनाल्ड ट्रंप

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अब्राहम समझौते को बढ़ाने की कोशिश में डोनाल्ड ट्रंप
अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने कई मुस्लिम देशों से इजरायल के साथ संबंध सामान्य करने की अपील की है। ट्रंप चाहते हैं कि सऊदी अरब, कतर, पाकिस्तान, तुर्की, मिस्र और जॉर्डन जैसे देश अब्राहम समझौतों में शामिल हों। यह बयान ऐसे समय आया है जब अमेरिका ईरान के साथ तनाव कम करने और युद्ध रोकने की कोशिश कर रहा है। हालांकि पाकिस्तान ने ट्रंप के प्रस्ताव को साफ तौर पर ठुकरा दिया है। इजरायली प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू के कार्यालय ने भी डोनाल्ड ट्रंप की पोस्ट पर तुरंत कोई टिप्पणी नहीं की।

पाकिस्तान ने कहा-कोई दबाव नहीं
रायटर्स की रिपोर्ट के मुताबिक, अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने कहा कि उन्होंने इन देशों के नेताओं से फोन पर बात की है। उन्होंने यह भी कहा कि अगर ईरान अमेरिका के साथ समझौता करता है, तो इन देशों का अब्राहम समझौते में शामिल होना एक ऐतिहासिक कदम होगा। लेकिन पाकिस्तान ने इस प्रस्ताव को मानने से इनकार कर दिया। पाकिस्तान के एक सूत्र ने कहा कि ईरान के साथ बातचीत और इजरायल से संबंध सामान्य करने के मुद्दे अलग-अलग हैं। दोनों को जोड़ना सही नहीं है। सूत्र ने यह भी कहा कि पाकिस्तान किसी दबाव में आकर ऐसा फैसला नहीं करेगा।

सऊदी अरब के लिए संवेदनशील मुद्दा
सऊदी अरब के लिए इजरायल को मान्यता देना आसान फैसला नहीं माना जा रहा है। सऊदी अरब लंबे समय से कहता रहा है कि जब तक फिलिस्तीन को अलग देश बनाने का स्पष्ट रास्ता नहीं निकलता, तब तक वह इज़राइल से रिश्ते सामान्य नहीं करेगा। गाजा युद्ध के बाद मुस्लिम देशों में इजरायल के खिलाफ नाराजगी भी बढ़ी है। ऐसे में ट्रंप की अपील को तुरंत समर्थन मिलने की संभावना कम मानी जा रही है। हालांकि मिस्र, जॉर्डन और तुर्की के पहले से ही इजरायल के साथ राजनयिक संबंध हैं, लेकिन गाजा युद्ध के बाद इनमें तनाव बढ़ा है।

डोनाल्ड ट्रंप की बड़ी रणनीति
अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड पहले भी अपने कार्यकाल में अब्राहम समझौते को आगे बढ़ा चुके हैं। साल 2020 में संयुक्त अरब अमीरात और बहरीन ने इज़राइल के साथ संबंध सामान्य किए थे। बाद में मोरक्को और सूडान भी इसमें शामिल हुए। अब डोनाल्ड ट्रंप ईरान के साथ संभावित समझौते को क्षेत्रीय शांति और नए गठबंधन से जोड़कर देख रहे हैं। उनके समर्थकों का कहना है कि इससे मध्य पूर्व में आर्थिक और राजनीतिक स्थिरता बढ़ सकती है। वहीं कई विशेषज्ञों का मानना है कि मौजूदा हालात में यह योजना जमीन पर लागू करना आसान नहीं होगा।

आईपीएल के 5 कमाल के गेंदबाज़ जिन्होंने पहले ओवर में लिए सबसे ज्यादा विकेट

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आईपीएल के 5 कमाल के गेंदबाज़ जिन्होंने पहले ओवर में लिए सबसे ज्यादा विकेट
आईपीएल इतिहास में गेंदबाज़ तो बहुत सारे आए. उनके खाते में विकेट्स भी बहुत थी. कुछ गेंदबाज़ T20 करियर में ऐसे भी हैं जिनके नाम इनिंग के पहले ही ओवर में एक के बाद एक कई विकेट लेने का रिकॉर्ड है. आज हम आपको ऐसे ही 5 घातक स्विंग गेंदबाज़ों के बारे में बताएंगे जिन्होंने अपनी इनिंग की पहली ही गेंद से बल्लेाज़ों को परेशान कर दिया.

1-ट्रेट बोल्ट
पहले स्थान पर न्यूजीलैंड के बाएं हाथ के स्विंग गेंदबाज़ ट्रेट बोल्ट आते हैं. जिनकी गेंदबाज़ी के सामने बड़े से बड़ा बल्लेबाज़ खेलने से कतराता हैं. आईपीएल करियर में उनके नाम 130 मैचों में कुल 147 विकेट्स हैं. जिनमें से 32 विकेट तो उन्होंने इनिंग के शुरुआती ओवर्स में ही निकाले हैं.

2- भुवनेश्वर कुमार
दूसरे स्थान पर भारतीय गेंदबाज़ भुवनेश्वर कुमार आते हैं. जिनको स्विंग का बादशाह भी माना जाता है. आईपीएल करियर में उनके नाम 204 मैचों में 202 विकेट्स हैं. जिनमें 31 विकेट उनके नाम इनिंग की शुरुआत ओवर्स में ही हैं. आईपीएल 2026 में रॉयल चैलेजर्स बैगलुरु की तरफ से खेलते हुए उन्होंने अपना 200वां विकेट पूरा किया और पर्पल कैप होल्डर की लिस्ट में पहले स्थान पर हैं.

3.दीपक चाहर
तीसरे स्थान पर भारतीय गेंदबाज़ दीपक चाहर आते हैं. उन्होंने आईपीएल करियर में 103 मैचों में कुल 96 विकेट लिए. जिसमें से 18 विकेट इनिंग की शुरुआती ओवर्स में ही निकाले थे. दीपक चाहर को आईपीएल के पावरप्ले में खतरनाक स्विंग गेंदबाज़ी के लिए जाना जाता हैं.

4.मोहम्मद सिराज
चौथे स्थान पर भारतीय गेंदबाज़ मोहम्मद सिराज आते हैं. जिन्होंने 122 मैचों में 126 विकेट निकाले हैं. जिसमें 16 विकेट इनिंग की शुरुआती ओवर्स में हीं लिए हैं.आईपीएल 2026 में गुजरात टाइटंस की तरफ से खेलने वाले मोहम्मद सिराज की गेंदबाज़ी परफॉर्मेंस इस साल बहुत ही कमाल की रही. गुजरात टाइटंस को प्लेऑफ में ले जाने में मोहम्मद सिराज का बहुत बड़ा योगदान रहा हैं.

5.प्रवीण कुमार
पांचवे स्थान पर भारतीय गेंदबाज़ प्रवीण कुमार आते हैं. जिन्होंने 2018 में ही आईपीएल से संन्यास ले लिया था. उन्होंने आईपीएल करियर में 119 मैचों में 90 विकेट लिए थे. जिनमें 15 विकेट तो उन्होंने इनिंग की शुरुआती ओवर्स में ही निकाले थे. प्रवीण कुमार (2008-2017) तक अपनी स्विंग गेंदबाज़ी के लिए जाने जाते थे.