मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने कहा है कि हमें आने वाली पीढ़ी के लिए बेहतर धरती छोड़ने के लिए वृक्षा-रोपण आवश्यक है। हम सभी अपने जन्म-दिवस, विवाह की वर्षगाँठ तथा परिजनों की स्मृति में पौधे लगा कर इस दिशा में सकारात्मक प्रयास कर सकते हैं। मुख्यमंत्री चौहान ने स्मार्ट सिटी उद्यान में अशोक, सामिया केसिया और जंगल जलेबी के पौधे लगाते समय यह बात कही। मुख्यमंत्री चौहान की इस भावना के अनुरूप आज पौध-रोपण में तीन परिवार शामिल हुए। महापौर परिषद के सदस्य एवं पार्षद राजेश हिंगोरानी ने अपनी विवाह वर्षगाँठ पर पौधे लगाए। उनकी पत्नी रत्ना हिंगोरानी तथा परिवार के सदस्य कुमारी पारूल, जयश, दिनेश और प्रवीण प्रेमचंदानी शामिल हुए। मुख्यमंत्री चौहान को हिंगोरानी ने प्रसिद्ध सिंधी व्यंजन दाल पकवान तथा सिंधी पापड़ भेंट किए। न्यूज नेशन के रिपोर्टर आशु खान ने 13 नवम्बर को हुए विवाह के उपलक्ष्य में पत्नी समन खान के साथ पौध-रोपण किया। उनकी बहनें फरहा और सना साथ थी।
मुख्यमंत्री चौहान के साथ स्व. आर.सी.एस. स्मृति स्वास्थ्य शिक्षा एवं सामाजिक संगठन भोपाल के सदस्यों ने संगठन के संस्थापक डॉ. रामबाबू श्रवण की पुण्य-तिथि पर पौध-रोपण किया। पर्यावरण, शिक्षा और कुपोषण के क्षेत्र में कार्य कर रही इस संस्था के डॉ. विजय कुमार श्रवण, डॉ. अजय श्रवण, मनीष सैनी, गीत, लावण्या, बालक अंशुल तथा अर्नब ने भी पौधे लगाए।
आने वाली पीढ़ी के लिए हमें बेहतर धरती छोड़ना है – मुख्यमंत्री चौहान
सीएम शिवराज जनसेवा अभियान कार्यक्रम में भ्रष्टा0चारियों के खिलाफ गरजे
मुख्यशमंत्री शिवराज सिंह चौहान शुक्रवार को बैतूल जिले के कुंड बकाजन में ‘मुख्यकमंत्री जनसेवा अभियान’ के तहत हितग्राहियों के लिए संभाग स्तजरीय ‘स्वीरकृति पत्र वितरण कार्यक्रम’ में पहुंचे। यहां एक बार फिर भ्रष्टाीचारियों के विरुद्ध सीएम शिवराज के तेवर सख्तब नजर आए और उन्हों ने गड़बड़ी की शिकायतों पर मंच से ही बिजली कंपनी के सीएमएचओ एके तिवारी, जिला खनिज अधिकारी ज्ञानेश्वोर तिवारी व दो जेई को निलंबित करने की घोषणा कर दी। मुख्यमंत्री ने कहा कि जेई पवन बारस्कर और साईं खेड़ा के जेई द्वारा लापरवाही बरती गई, जिसके कारण उन्हें सस्पेंड किया जाता है। मुख्यमंत्री ने विद्युत विभाग के अधिकारियों को अल्टीमेटम दिया है कि भीमपुर से चिचोली तक 22 किलोमीटर 33 केवी विद्युत लाइन बिछना है। इसमें लापरवाही बरती तो मामा उसे छोड़ेंगे नही।
उपस्थिटत जनसमुदाय को संबोधित करते हुए कहा कि मुख्यमंत्री जनसेवा अभियान के माध्यम से पंचायतों और वॉर्डों में शिविर लगाकर जनहितकारी योजनाओं का लाभ देने का हम कार्य कर रहे हैं। अब सरकार भोपाल से नहीं चौपाल से चलेगी। सरकार जनता के घर-घर तक पहुंचे, ताकि जनता को भटकना न पड़े। मध्यप्रदेश की धरती पर किसी भी कीमत पर भ्रष्टाचार को हम चलने नहीं देंगे, इसके लिए हम संकल्पबद्ध होकर आये हैं। जिसने भी गड़बड़ की है, उसे प्रदेश में नौकरी करने लायक नहीं रहने दूंगा। हमारी सरकार जनता के लिए फूल से भी ज्यादा कोमल है। लेकिन गुंडा, बदमाश, दबंग, दलाल उनको मैं सावधान कर रहा हूं। अगर सुधरे नहीं तो बचोगे नहीं, सबके घरों पर बुलडोजर चलेगा। हमारी सरकार जनता की सेवा के लिए है। इसलिए जो अधिकारी और कर्मचारी अच्छा काम करते हैं, तो हम उन्हें सम्मानित करते हैं, लेकिन जो गलत करे, लापरवाही करे, उसे दण्डित करना भी आवश्यक है।
सीएम शिवराज ने आगे कहा कि आज का दिन बहुत महत्वपूर्ण है। मैंने यहां 159 गांव की घोघरी समूह जल योजना का भूमि पूजन किया है। इसमें 278 करोड़ रुपए लगेंगे और 159 गांवों में पीने का पानी आएगा। बिजली की समस्या के स्थाई समाधान के लिए ग्राम पंचायत में 132केवी का एक बड़ा सबस्टेशन 80 करोड़ रुपये की लागत से बनाया जाएगा। जनप्रतिनिधियों ने मेरे पास यह आवाज उठाई है कि मेड़ा बांध की ऊंचाई अगर बढ़ जाए तो और 10,000 एकड़ में सिंचाई की सुविधा हो सकती है। इसलिए आज मैं फैसला कर रहा हूं की मेड़ा बांध की ऊंचाई 1.80 मीटर बढ़ाई जाएगी। अगले बजट में बकाजन से भीमपुर मार्ग पर पुल बनवाने का काम शामिल कर दिया जाएगा, ताकि जनता को कोई दिक्कत ना हो। लोकतंत्र में असली मालिक जनता है। लोकतंत्र में कोई मुख्यमंत्री, अधिकारी, कर्मचारी असली मालिक नहीं हैं, मध्यप्रदेश की साढ़े 8 करोड़ जनता ही असली मालिक है।
इनामी मास्टरमाइंड हरप्रीत सिंह दिल्ली एयरपोर्ट से गिरफ्तार
साल 2021 में लुधियाना कोर्ट बम ब्लास्ट मामले का मास्टरमाइंड दिल्ली एयरपोर्ट से गिरफ्तार किया गया है। समाचार एजेंसी एएनआई ने बताया है कि राष्ट्रीय जांच एजेंसी (NIA) ने 1 दिसंबर को फरार आतंकवादी हरप्रीत सिंह को मलेशिया के कौलालुम्पुर से आने पर गिरफ्तार किया है। लंबे समय से पुलिस को हरप्रीत सिंह की तलाश थी।
हरप्रीत पर था 10 लाख का इनाम
समाचार एजेंसी एएनआई के अनुसार हरप्रीत सिंह पर 10 लाख का इनाम घोषित किया था, जिसके खिलाफ विशेष एनआईए अदालत से गैर-जमानती वारंट जारी किया गया था और एक लुक आउट सर्कुलर जारी किया गया था।
पाक में बैठ कर काम करता है लखबीर लिंह
हरप्रीत सिंह लखबीर सिंह रोडे का सहयोगी है, जो पाकिस्तान स्थित इंटरनेशल सिख यूथ फेडरेशन(ISYF) का प्रमुख सदस्य है। हरप्रीत सिंह लखबीर सिंह रोडे के साथ दिसंबर 2021 लुधियाना कोर्ट बिल्डिंग ब्लास्ट के साजिशकर्ताओं में से एक था। आपको बता दें लुधियाना विस्फोट में 1 व्यक्ति की मौत हो गई थी और कई लोग घायल हो गए थे। एनआईए ने बताया कि लखबीर सिंह रोडे के आदेश पर काम करते हुए हरप्रीत सिंह ने विशेष रूप से निर्मित IED की डिलीवरी का समन्वय किया, जिसे पाक से उसके भारत स्थित सहयोगियों को भेजा गया था, जिसका उपयोग लुधियाना कोर्ट कॉम्प्लेक्स विस्फोट में किया गया था।
सुप्रीम कोर्ट ने इसरो जासूसी केस में पलटा फैसला
इसरो जासूसी मामले में सुप्रीम कोर्ट ने केरल हाईकोर्ट के फैसले को खारिज करते हुए 4 आरोपियों की जमानत को रद्द कर दिया है। आपको बता दें कि केरल हाईकोर्ट ने इसरो वैज्ञानिक नंबी नारायणन को फंसाने वाले 4 आरोपियों को जमानत दी गई थी। सुप्रीम कोर्ट ने कहा है कि केरल हाईकोर्ट को चार हफ्तों के भीतर जमानत याचिकाओं पर फिर से फैसला करना होगा। हालांकि चारों आरोपियों की गिरफ्तारी पर सुप्रीम कोर्ट ने साफ किया कि उनकी गिरफ्तारी अभी नहीं होगी, पहले हाईकोर्ट को याचिकाओं पर फिर से सुनवाई करना होगा। सुप्रीम कोर्ट ने कहा है कि 5 हफ्ते तक किसी भी आरोपी को गिरफ्तार नहीं किया जाए।
ISRO साइंटिस्ट नंबी नारायणन के खिलाफ रची थी साजिश
इसरो जासूसी मामले में सुनवाई जस्टिस एमआर शाह और जस्टिस सीटी रवि कुमार की बेंच ने की। इन याचिका में वैज्ञानिक नंबी नारायणन के साजिश के तहत फंसाने वाले भी अधिकारियों की जमानत का विरोध किया गया था, जिन पर आरोप है कि उन्होंने इसरो साइंटिस्ट नंबी नारायणन के खिलाफ साजिश रची थी और झूठे केस में फंसाया था।
साजिश में शामिल थे ये अधिकारी
इसरो जासूसी मामले में केरल के पूर्व DGP सिबि मैथ्यूज, गुजरात के पूर्व ADGP आरबी श्रीकुमार, पूर्व IB अधिकारी पीएस जयप्रकाश और केरल के दो पुलिस अधिकारियों पर नंबी नारायणन के खिलाफ साजिश रचने का आरोप लगाया गया है। सुप्रीम कोर्ट में हुई सुनवाई के दौरान बेंच ने यह भी माना कि केरल हाई कोर्ट के फैसले में कुछ खामियां है, जिन्हें सुधारने की जरूरत है। इसके लिए 4 सप्ताह का समय दिया गया है। सुप्रीम कोर्ट ने कहा कि व्यक्तिगत आरोपों की जांच नहीं की गई है और हाईकोर्ट को इसे जल्द निपटाना चाहिए।
मुख्यमंत्री की अध्यक्षता में हुई गो-संवर्धन बोर्ड की बैठक
मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने कहा है कि पूर्ण हो रही गो-शालाओं को तेजी से गो-वंश से भरा जाए। शेष गो-वंश रखने के लिए भी समाधान ढूँढ़ लिया जाए। प्रदेश में ऐसे बड़े स्थान चिन्हित करें जहाँ अधिक संख्या में गो-वंश को रखा जा सके। मुख्यमंत्री चौहान आज निवास पर गो-संवर्धन बोर्ड की बैठक को संबोधित कर रहे थे।
मुख्यमंत्री चौहान ने कहा कि गायों को सड़क एवं अन्य सार्वजनिक स्थानों पर खुले में नहीं रख सकते हैं। इसलिए गो-शालाओं का निर्माण तेजी से करें। उन्होंने कहा कि गौबर धन योजना में गो-शालाओं में गोबर गैस संयंत्र लगाए जाएंगे। इससे गो-शालाएँ स्वावलंबी बनेंगी। अधिकारी रोड मेप बना कर कार्य करें। मुख्यमंत्री चौहान ने कहा कि गो-वंश के लिए पर्याप्त राशि की व्यवस्था करें।
बैठक में प्रदेश के विभिन्न स्थानों पर गो अभयारण्य की स्थापना पर भी चर्चा की गई। मुख्यमंत्री चौहान ने कहा कि गो-अभयारण्य की स्थापना के लिए एनजीओ का सहयोग लिया जाएगा। एनजीओ के माध्यम से गो-शालाओं का संचालन भी किया जाएगा। जहाँ बड़ी मात्रा में दान राशि आती है, ऐसे मंदिरों के सहयोग से गौशालाओं को राशि दी जाए।
मुख्यमंत्री चौहान ने आचार्य विद्यासागर जीवदया (गो-सेवा) सम्मान योजना के पुरस्कार वितरण पर भी चर्चा की। उन्होंने कहा कि वर्ष 2020-21 एवं 2021-22 के पुरस्कार वितरण के लिए तिथि एवं समय निर्धारित कर लिया जाए। पशुपालन मंत्री प्रेम सिंह पटेल, पशु संवर्धन बोर्ड के उपाध्यक्ष एवं संबंधित अधिकारी उपस्थित थे।
मुख्यमंत्री ने की जल जीवन मिशन परियोजनाओं की समीक्षा
मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने कहा है कि जल जीवन मिशन में स्वीकृति के लिए शेष रही परियोजनाओं को शीघ्र स्वीकृत कर ग्रामों में पानी पहुँचाना सुनिश्चित करें। जनता के पैसे का सदुपयोग हो। परियोजनाओं के निर्माण में भ्रष्टाचार बर्दाश्त नहीं होगा। मंत्रालय के अधिकारी ग्राम सभाओं में जाएँ और क्षेत्र भ्रमण कर प्रतिवेदन भी प्रस्तुत करें। मुख्यमंत्री चौहान निवास कार्यालय में मिशन की परियोजनाओं की समीक्षा कर रहे थे।
मुख्यमंत्री चौहान ने कहा कि हर घर जल सर्टिफिकेशन में प्रदेश 34 प्रतिशत के साथ देश में तीसरे स्थान पर पहुँच गया है। बुरहानपुर के बाद अब अगले चरण में निवाड़ी और इंदौर जिले में हर घर नल से जल पहुँचाने का कार्य शीघ्रता से पूर्ण कर लिया जाएगा। मिशन लोगों की जिंदगी बदलने का अवसर, इसे जन-अभियान बनाये। प्रदेश में पेयजल नमूनों की जाँच बेहतर तरीके से हो रही हैं। मुख्यमंत्री चौहान ने कहा कि समूह एवं अन्य सभी जल-प्रदाय योजनाओं को पूर्ण करने की कार्यवाही जल्दी से हो। परियोजनाएँ पूर्ण होने पर गाँव में उत्सवी माहौल में लोकार्पण किया जाये।
मुख्यमंत्री चौहान ने कहा कि लोकार्पण कार्यक्रम में मंत्री, प्रभारी मंत्री, विधायक एवं अन्य जन-प्रतिनिधि भी पहुँचें। मैं भी वर्चुअली जुडूँगा और एक गाँव में भी जाऊँगा। उन्होंने कहा कि दिसम्बर माह में राजगढ़ जिले की गोरखपुरा परियोजना पूर्ण होगी, जिससे 145 ग्रामों को लाभ होगा। इन सभी 145 ग्रामों को जोड़ कर लोकार्पण की तैयारी करें। इसी तरह आगे भी कार्यक्रम करते रहें। प्रदेश में लगभग 3 हजार ग्रामों के लिए सितम्बर 2023 तक पूर्ण होने वाली। परियोजनाओं के लोकार्पण सतत रूप से हों। इसी तरह शिलान्यास के कार्यक्रम भी किये जायेंगे।
मुख्यमंत्री चौहान ने कहा कि परियोजनाओं का प्रिंट एवं इलेक्ट्रॉनिक मीडिया में बेहतर प्रचार-प्रसार हो। पूरी कर ली गई परियोजनाओं के लोकार्पण के लिए कार्यक्रम तय कर लिए जाएँ और ग्रामीणों को वर्चुअली जोड़ने की व्यवस्था करें। अधिकारी कार्यक्रम के पहले गाँवों में भ्रमण भी करें।
मुख्यमंत्री जन-सेवा अभियान बैतूल के कार्यक्रम की समीक्षा
मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने कहा है कि नर्मदापुरम संभाग के बैतूल में मुख्यमंत्री जन-सेवा अभियान के स्वीकृति पत्र वितरण के पहले कार्यक्रम को उच्च स्तरीय और बेहतर स्वरूप में किया जाए। स्थानीय जन-प्रतिनिधि कार्यक्रम में उपस्थित रहें। कार्यक्रम ऐसा हो कि प्रदेश में नर्मदापुरम संभाग उदाहरण बने। मुख्यमंत्री चौहान निवास कार्यालय में मुख्यमंत्री जन-सेवा अभियान के तहत बैतूल में होने वाले कार्यक्रम की समीक्षा कर रहे थे। बैठक में मुख्य सचिव इकबाल सिंह बैंस और संबंधित अधिकारी उपस्थित थे।
मुख्यमंत्री चौहान ने कहा कि बैतूल में होने वाले कार्यक्रम में नर्मदापुरम संभाग के तीनों जिलों बैतूल, हरदा और नर्मदापुरम की हर पंचायत को वर्चुअली जोड़ा जाए। मुख्यमंत्री चौहान ने तीनों जिलों के कलेक्टर्स से कार्यक्रम की तैयारियों संबंधी जानकारी ली। उन्होंने कार्यक्रम को बेहतर बनाने के लिए आवश्यक निर्देश दिए। मुख्यमंत्री चौहान ने कहा कि जन-प्रतिनिधियों के माध्यम से हितग्राहियों को स्वीकृति-पत्रों का वितरण हो। नगरीय निकायों के वार्डों में जहाँ कार्यक्रम हों वहाँ पार्षदों और अन्य जन-प्रतिनिधियों के माध्यम से स्वीकृति पत्र वितरित हों। कार्यक्रम का लाइव प्रसारण अवश्य हो, जिससे अधिक से अधिक लोग कार्यक्रम से जुड़ सकें।
TPP ने संघर्षविराम खत्म करने का किया ऐलान
प्रतिबंधित तहरीक-ए-तालिबान पाकिस्तान (TPP) ने सोमवार को पाकिस्तान सरकार के साथ गत जून में किये गये अनिश्चित कालीन संघर्षविराम समझौते को खत्म करने का फैसला किया है। इसके साथ ही टीटीपी ने अपने लड़ाकों को पाकिस्तानभर में हमले के आदेश दिये हैं। उग्रवादी संगठन ने अपने बयान में कहा, ‘विभिन्न इलाकों में मुजाहिदीन (उग्रवादियों) के खिलाफ सैन्य अभियान चलाया जा रहा है, इसलिए आपके लिए यह बाध्यकारी हो जाता है कि आप देशभर में जहां भी हो सके वहां हमला करें।’ टीटीपी को पाकिस्तानी तालिबान के नाम से भी जाना जाता है। टीटीपी का गठन विभिन्न उग्रवादी संगठनों के एक संयुक्त समूह के रूप में वर्ष 2007 में किया गया था।
53वें इंटरनेशनल फिल्म फेस्टिवल का समापन
इंडियन सिनेमा के सबसे बड़े फिल्म फेस्टिवल का समापन आज हो गया है। ये अंतर्राष्ट्रीय फिल्म महोत्सव का 53वां समारोह था, जो कि 20 नवंबर से शुरू हुआ था। इस साल यह समारोह गोवा में आयोजित किया गया। जिसमें 79 देशों से 280 फिल्में दिखाई गईं। बता दें कि इस समारोह का उद्घाटन इनफार्मेशन एंड ब्रॉडकास्टिंग मिनिस्टर अनुराग ठाकुर ने किया था। इस इंटरनेशनल फिल्म फेस्टिवल का इंडिया में हिंदी सहित अलग-अलग भाषाओं की फिल्मों का प्रीमियर भी किया गया। वहीं अब इसके समापन समारोह में बॉलीवुड की बड़ी हस्तियां शामिल हुई हैं।
बॉलीवुड सेलिब्रिटीज में आयुष्मान खुराना, आशा पारेख, मानुषी छिल्लर, ईशा गुप्ता, राणा दग्गुबती, आनंद राय के साथ-साथ कई बड़ी हस्तियां इस इंटरनेशनल फिल्म फेस्टिवल में शामिल हुई है। अक्षय कुमार सहित साउथ के सुपरस्टार चिरंजीवी भी इस समारोह में शामिल हुए। वहीं चिरंजीवी को इंडियन फिल्म पर्सनैलिटी ऑफ द ईयर के अवाॅर्ड से सम्मानित भी किया गया है।
एक दिसंबर से शुरू होगा डिजिटल रुपये का खुदरा चलन
थोक डिजिटल रुपए के बाद आरबीआइ एक दिसंबर से खुदरा डिजिटल रुपए का चलन शुरू करने जा रहा है। खुदरा डिजिटल रुपए से ग्राहक आपस में लेनदेन के साथ किसी भी दुकान से खरीदारी भी कर सकेंगे।
खुदरा डिजिटल रुपए का चलन अभी देश के चार शहरों से पायलट रूप में शुरू किया जा रहा है। इन शहरों में मुंबई, दिल्ली, बंगलुरू और भुवनेश्वर शामिल हैं। इसके बाद अहमदाबाद, गंगटोक, गुवाहाटी, हैदराबाद, इंदौर, कोच्चि, लखनऊ, पटना और शिमला जैसे शहरों में डिजिटल रुपए का चलन शुरू होगा।
डिजिटल रुपए के थोक व खुदरा चलन के पायलट प्रोजेक्ट के बाद पूर्ण रूप से डिजिटल रुपए के चलन को शुरू किया जाएगा। आरबीआइ के मुताबिक डिजिटल रुपए को जारी करने का काम बैंक करेंगे। फिलहाल चार बैंक भारतीय स्टेट बैंक, आईसीआईसीआई बैंक, यस बैंक और आईडीएफसी फर्स्ट बैंक देश के चार शहरों में खुदरा डिजिटल रुपया जारी करने का काम करेंगे। बाद में बैंक ऑफ बड़ौदा, यूनियन बैंक ऑफ इंडिया, एचडीएफसी बैंक और कोटक महिंद्रा बैंक भी इस पायलट प्रोजेक्ट से जुड़ेंगे।





