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इस साल पड़ेंगे चार ग्रहण, अप्रैल माह से हो रही शुरुआत

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वर्ष 2022 में कुल चार ग्रहण पड़ेंगे जिसमें दो सूर्य और दो चंद्र ग्रहण होंगे। ज्योतिषाचार्य सुनील चोपड़ा ने बताया कि अप्रेल माह से ग्रहण लगने का सिलसिला शुरू होने जा रहा है। सूर्य और चंद्र ग्रहण का हमारे जीवन में बड़ा महत्व होता है। ये ऐसी दुर्लभ घटनाएं होती हैं, जिनसे हमारा वर्तमान और भविष्य प्रभावित हो जाता है। हिंदू धर्म में सूर्य ग्रहण और चंद्र ग्रहण को शुभ नहीं माना गया है। इसलिए ग्रहण के दौरान कुछ नियमों का पालन करना अति आवश्यक है। जिससे ग्रहण के दुष्‍प्रभावों से बचा जा सके। ग्रहण शुरू होने से पहले ही खाने-पीने की चीजों में तुलसी के पत्ते डाल देना चाहिए, ताकि इन पर ग्रहण का बुरा असर न पड़े। इस दौरान कुछ भी खाना-पीना नहीं चाहिए। मंदिर के पट बंद रखना चाहिए। घर पर ही भगवान की आराधना करना चाहिए। ग्रहण के दौरान गर्भवती स्त्रियों को घर से बाहर नहीं निकलना चाहिए। ग्रहण समाप्ति के बाद स्‍नान दान जरूर करना चाहिए ऐसा करने से ग्रहण का अशुभ फल कम होता है।

वर्ष का पहला सूर्य ग्रहण:

वर्ष का पहला सूर्य ग्रहण 30 अप्रैल की मध्य रात्रि व 1 अप्रैल की पूर्व रात्रि 12:15 से मोक्ष रात्रि 4:08 तक रहेगा। यह ग्रहण भारत मे दृश्य नही होने से इसका सूतक भी यहां नही लगेगा।

वर्ष का दूसरा सूर्य ग्रहण:

वर्ष का दूसरा सूर्य ग्रहण 25 अक्टूबर को पड़ेगा। इसका स्पर्श समय दोपहर 4:31 बजे से मोक्ष समय 5:57 बजे तक होगा। यह सूर्य ग्रहण भी भारत में नहीं देखा जा सकेगा। यह सूर्यग्रहण स्वाति नक्षत्र एवं तुला राशि पर होगा। इस लिए इस राशि वालो को रोग, पीड़ा व कष्ट हो सकते है। अंडमान-निकोबार द्वीप समूह और पूर्वोत्तर के इलाकों को छोड़कर देश के बाकी हिस्सों में यह ग्रहण देखा जा सकेगा। यह सूर्य ग्रहण इस साल की सबसे बड़ी दुर्लभ घटना होगी। इस दौरान सूर्य और पृथ्वी के बीच चंद्रमा कुछ इस तरह आ जाएगा कि लोगों को सूर्य 63 प्रतिशत ढंका नजर आएगा। सम्पूर्ण भारत मे जहां पर भी ग्रहण दृश्य होगा वह ग्रसता ग्रस्त होगा। इसका सूतक सुबह 4:31बजे से प्रारम्भ होगा।

वर्ष का पहला चंद्र ग्रहण:

वर्ष का पहला चंद्र ग्रहण 16 मई को खग्रास चंद्र ग्रहण होगा। जो सुबह 7.02 बजे से शुरू होकर 12.20 बजे तक रहेगा। ये ग्रहण भारत मे दृश्य नही होगा।

वर्ष का दूसरा चंद्र ग्रहण:

वर्ष का दूसरा चंद्र ग्रहण 8 नवम्बर को पड़ेगा जो दोपहर 1:32 बजे से शाम 7.27 बजे तक रहेगा। यह भी पूर्ण चंद्रग्रहण होगा। भारत मे इस समय दिन होगा, जिस कारण यह ग्रहण भारत मे मोक्ष होता हुआ ग्रस्तोदय रूप में दृश्य होगा। भारत के पूर्वी और पूर्वोत्तर के इलाकों में आसानी से देखा जा सकेगा। जबकि देश के बाकी हिस्सों में आंशिक ग्रहण दिखाई देगा।

हनुमान चालीसा पाठ पर हंगामा, आमने-सामने सांसद नवनीत राणा और शिवसैनिक

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मुंबई में हनुमान चालीसा पाठ पर बड़ा विवाद खड़ा हो गया है। महाराष्ट्र के अमरावती से निर्दलीय सांसद नवनीत राणा (Navneet Rana) अपने पति रवि राणा के साथ मुख्यमंत्री उद्धव ठाकरे के निवास मातोश्री के बाहर हनुमान चालीसा पाठ करने पर अड़ी हैं। तय कार्यक्रम के अनुसार, नवनीत राणा और उनके पति को अपने समर्थकों के साथ शनिवार सुबह मातोश्री पहुंचना था और हनुमान चालीसा का पाठ करना था। वहीं इन्हें रोकने के लिए भारी संख्या में शिवसैनिक मातोश्री के बाहर जमा हो गए हैं। शिवसैनिकों का कहना है कि वे नवनीत राणा को हनुमान चालीसा के नाम पर राजनीति नहीं करने देंगे। टकराव के हालात बने हुए हैं और पुलिस को हालात काबू करने में परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।

सीएम शिवराज ने पीएम नरेंद्र मोदी से मिलकर इंदौर में होने वाली इंवेस्टर समिट में आने का दिया न्योता

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मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने शनिवार को दिल्ली प्रवास के दौरान प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से उनके आवास पर मुलाकात की और केंद्र एवं राज्य की योजनाओं के क्रियान्वयन में अपनी सरकार के प्रयासों की जानकारी दी। उन्होंने प्रधानमंत्री को सात व आठ जनवरी 2023 को इंदौर में प्रस्तावित इंवेस्टर समिट में आने का न्योता भी दिया। बताया जा रहा है कि तब तक महाकाल कारीडोर का काम भी पूरा हो जाएगा और प्रधानमंत्री कारीडोर का लोकार्पण भी कर सकते हैं। मुख्यमंत्री ने बताया कि 9 जनवरी 2023 को इंदौर में प्रवासी भारतीय दिवस का आयोजन किया जाएगा। प्रधानमंत्री ने भी ट्वीट का इस मुलाकात की जानकारी दी और लिखा कि मुख्यमंत्री ने बताया कि उनकी परिवर्तनकारी योजनाएं लोगों के जीवन में सकारात्मक बदलाव कैसे ला रही हैं।

मुख्यमंत्री सुबह 11:30 बजे प्रधानमंत्री से मिले। करीब एक घंटे की इस मुलाकात में चौहान ने प्रधानमंत्री को मध्य प्रदेश आने का न्योता दिया और प्रदेश के गेहूं की अन्य देशों में मांग, निर्यात नीति, रोजगार दिवस, गौरव दिवस, केंद्र सरकार की फ्लेक्सिब योजनाओं में प्रदेश के प्रदर्शन, इथेनाल नीति, अमृत सरोवर और कृषि विविधिकरण की जानकारी दी। उन्होंने मीडिया को बताया कि प्रदेश से अभी 20 लाख टन गेहूं निर्यात हो सकता है। मिस्र (इजिप्ट) ने भी प्रदेश का गेहूं लेने की इच्छा जाहिर की है। वहां की टीम भी आने वाली है। वहीं निर्यात नीति में हम निर्यातकों को कई सुविधाएं दे रहे हैं।

हर महीने रोजगार दिवस मनाने और दो लाख लोगों को रोजगार देने का लक्ष्य है। प्रधानमंत्री से इसके संबंध में चर्चा हुई है। उन्होंने बताया कि प्रदेश में गौरव दिवस (गांव-शहर का जन्म दिवस) मनाने की परंपरा शुरू की है। 14 हजार गांव और 31 नगरीय निकायों में कार्यक्रम हो चुके हैं। यह गांव की तस्वीर बदलने का अभियान है। केंद्र की फ्लेक्सिब योजनाओं में प्रदेश का प्रदर्शन बहुत अच्छा है। यह भी प्रधानमंत्री को बताया।

स्वतंत्रता दिवस पर सरोवर स्थल पर लहराएगा तिरंगा

मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री ने आव्हान किया था कि आजादी की 75वीं वर्षगांठ पर एक जिले में कम से कम 75 सरोवर तो बनें। हम प्रदेश में तीन हजार आठ सौ अमृत सरोवर बना रहे हैं। ये साधारण सरोवर नहीं होंगे। जनभागीदारी से सौंदर्यीकरण कराएंगे। स्वतंत्रता दिवस पर अमृत सरोवर स्थल पर ही ध्वजारोहण किया जाएगा।

ई-वाउचर नंबर से मिलेगा योजनाओं का लाभ

मुख्यमंत्री ने बताया कि सरकारी योजनाओं में ई-रुपये का उपयोग बढ़ा रहे हैं। हम ई-वाउचर नंबर देंगे। जिसे दिखाकर चिन्हित दुकानों से निर्धारित वस्तु खरीदी जा सकेगी। वर्तमान में इसके लिए राशि दी जाती है। हमने इथेनाल नीति बनाई और 50 करोड़ लीटर इथेनाल का उत्पादन कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री ने कृषि के विविधीकरण का आव्हान किया था। मप्र ने इसकी नीति बनाई है। तिलहन फसलों का अधिक उत्पादन करेंगे। जिससे खाद्य तेल खरीदने के लिए विदेशों पर निर्भर न रहना पड़े। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री ने मार्गदर्शन दिया है। उस आधार पर कई योजनाएं बनाएंगे और पुरानी को अपडेट करेंगे और उनकी अपेक्षाओं को पूरा करने का प्रयास करेंगे। प्रदेश की तरक्की की दिशा में यह भेंट महत्वपूर्ण कदम साबित होगी।

किसान को लहसुन-प्याज की कीमत नहीं मिली तो लगाई उठक-बैठक

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भोपाल : मध्य प्रदेश में इन दिनों किसानों को कई फसलों की कीमत नहीं मिल रही है जिससे वे परेशान हैं। बुंदेलखंड के सागर जिले की रहली तहसील का एक किसान का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है जिसमें वह कसम खा रहा है कि अब दोबारा लहसुन-प्याज की खेती नहीं करेगा। इस किसान का वीडियो बुंदेलखंड में जमकर वायरल हो रहा है। मध्य प्रदेश में इन दिनों कई फसलें अच्छी आई हैं लेकिन इससे किसान की हालत खराब भी रही है। सागर के रहली क्षेत्र के एक किसान ने अपने तीन एकड़ खेत में लहसुन और प्याज की खेती की थी। इसकी अच्छी पैदावार हुई तो प्याज 5-6 रुपए किलोग्राम बिकी और लहसुन 15 से 25 रुपए प्रति किलोग्राम के हिसाब से बाजार में बिका। संदई गांव के राधेश्याम नामक के इस किसान ने गांव में सबके सामने उठक-बैठक की। उसने गांव वालों के सामने कसम खायी कि अब वह कान पकड़ता है कि कभी भी दोबारा लहसुन-प्याज की खेती नहीं करेगा। इस किसान का गांव वालों ने वीडियो बना लिया है जो वायरल हो रहा है। राधेश्याम कह रहा है कि उसने साहूकार से उधार लेकर लहसुन-प्याज लगाया था तो वह उधार वापस मांग रहा है।

चने की जगह लगाया था लहसुन-प्याज
बताया जाता है कि खेती में मुनाफा कमाने के लिए कई किसानों ने गेहूं-चना की जगह लहसुन-प्याज की खेती की थी। अब जब फसल की बाजार में आवक शुरू हुई तो लहसुन और प्याज के भाव बहुत कम मिले। कई किसानों के पास लहसुन-प्याज के स्टॉक के लिए व्यवस्था नहीं है तो वे उसे अभी मिल रहे औने-पौने दाम में ही बेच रहे हैं।

इ-खसरा परियोजना मध्‍य प्रदेश में किसानो के लिए बनी वरदान

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भोपाल : मध्य प्रदेश के किसानों (MP Farmers) के लिए बड़ी खबर हैं। दरअसल किसानों को अब खाते के खसरा और नक्शा की नकल निकालने के लिए पटवारी के चक्कर लगाने की आवश्यकता नहीं पड़ेगी। घर बैठे उनके सारे काम आसान किए जाएंगे। इसके लिए डिजिटल तकनीक का इस्तेमाल किया गया है। किसान भू अभिलेख की वेबसाइट पर रजिस्ट्रेशन अथवा एमपी ऑनलाइन पोर्टल एवं लोक सेवा केंद्र के माध्यम से खेती किसानी से जुड़े खसरा की प्रतिलिपि के लिए ऑनलाइन आवेदन कर सकेंगे। इसके साथ ही साथ डिजिटल हस्ताक्षर दस्तावेज भी डाउनलोड कर प्राप्त कर सकते हैं।

आई नवीन जानकारी के मुताबिक किसानों के सुविधा के लिए कंप्यूटर सेंटर स्थापित कर दिए गए हैं। वहीं ₹30 प्रति पेज के शुल्क पर कोई भी किसान खतरा और नक्शा की नकल प्राप्त कर सकता है। साथ ही भू अभिलेख की वेबसाइट mpbhulekh.gov.in पर रजिस्ट्रेशन कर अथवा एमपी ऑनलाइन पोर्टल कियोस्क के जरिए किसान किसानी से जुड़े खसरा की प्रतिलिपि, B1 की प्रतिलिपि, नक्शा की प्रतिलिपि, खसरा की प्रतिलिपि, खाता खसरा की प्रतिलिपि के लिए ऑनलाइन आवेदन कर सकेंगे।

वही वेबसाइट से प्रमाणित और अप्रमाणित दोनों प्रकार की प्रतिलिपि प्राप्त की जा सकेगी। एक तरफ जहां प्रमाणित प्रतिलिपि के लिए शुल्क होने हैं। वही ऑनलाइन भुगतान विभिन्न माध्यम से किया जा सकेगा। हालांकि अप्रमाणित प्रतिलिपि को निशुल्क रखा जाएगा। कलेक्टर कार्यालय की माने तो राष्ट्रीय भूअभिलेख आधुनिकरण कार्यक्रम के अंतर्गत भू-अभिलेख आयुक्त और बंदोबस्त ने खसरा परियोजना को लागू किया है। भू अभिलेख अधीक्षक, तहसीलदार, नायब तहसीलदार और पटवारियों की आईडी मॉडिफिकेशन अपडेशन का कार्य किया जा रहा है।

इ-खसरा परियोजना के तहत सभी तहसील में आईटी सेंटर स्थापित किए गए हैं। जिसमें किसानों को उनकी मांग के अनुसार प्रमाणित खसरा बीवन नक्शा की प्रतिलिपि प्रति पृष्ठ ₹30 में उपलब्ध कराई जा सकती है। इसके लिए प्रमाणित प्रतिलिपि के सभी भूमि रिकॉर्ड डिजिटल रूप से हस्ताक्षरित होंगे और नागरिकों को वित्तीय लेनदेन भूमि रजिस्ट्री सहित अन्य राजस्व विभाग कार्य में उपयोगी साबित होंगे।

ऑनलाइन आवेदन कैसे करें

  • ऑनलाइन आवेदन करने के लिए सबसे पहले mpbhulekh.gov.in पर रजिस्टर्ड करें।
  • इसके लिए रजिस्टर इज अ पब्लिक यूजर के विकल्प पर पंजीयन करें।
  • साथ ही पंजीयन करने के बाद यूजर आईडी और पासवर्ड का विकल्प उपलब्ध होगा।
  • यूजर आईडी और पासवर्ड भरने के बाद लोगिन करें
  • लॉगिन के बाद खसरा की प्रतिलिपि, b1 की प्रतिलिपि, नक्शा की प्रतिलिपि, खसरा की प्रतिलिपि, आदेश की प्रतिलिपि आदि विकल्प का चयन कर किसान आवेदन करने की पात्रता रखेंगे।

देश में कोरोना के सक्रिय मामले 14 हजार के पार

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देश में कोविड-19 मरीजों की संख्या बढ़ रही है। एक्टिव केस 14,241 हो गए हैं। केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्रालय के अनुसार बीते 24 घंटे में 2451 नए मामले सामने आए हैं। यह दिन पहले के मुकाबले अधिक हैं। इस दौरान 54 लोगों की मौत हुई है। जिसमें 48 मौतें केरल से हैं। बाकि दिल्ली, गुजरात, झारखंड, महाराष्ट्र, पंजाब और उत्तराखंड में एक-एक मौतें हुई हैं।

रिकवरी रेट भी घटा

दैनिक संक्रमण दर 0.55% और साप्ताहिक संक्रमण दर 0.47% है। मरीजों के रिकवरी की दर में कमी आई है। वह 98.76% से घटकर 98.75% पर आ गई है। मृत्युदर 1.21% है। कोविन पोर्टल के शाम 6 बजे के आंकड़ों के मुताबिक अबतक कुल 187.34 करोड़ टीके लगा दिए गए हैं।

स्कूलों के लिए नए दिशा-निर्देश

दिल्ली सरकार ने शिक्षण संस्थानों में कोविड प्रोटोकाल नियमों के पालन पर जोर दिया है। सरकार ने शुक्रवार को स्कूलों के लिए नए दिशा निर्देश जारी किए। शिक्षा निदेशालय द्वारा जारी एसओपी के अनुसार छात्रों और शिक्षकों को थर्मल स्कैनिंग के बिना परिसर में दाखिल नहीं होने दिया जाए। स्कूलों के प्रवेश द्वारों, कक्षाओं, प्रयोगशालाओं और सार्वजनिक स्थानों पर भी हाथों को सेनिटाइन करना अनिवार्य कर दिया गया है। एसओपी में यह भी कहा गया है कि माता-पिता को अपने बच्चों को स्कूल नहीं भेजना चाहिए। अगर परिवार के किसी सदस्य में कोविड-19 के लक्षण दिखाई देते हैं।

मास्क नहीं पहनने वालों पर लगेगा जुर्माना

वहीं दिल्ली सरकार ने शुक्रवार को सार्वजनिक स्थानों पर मास्क नहीं पहनने वालों पर तत्काल प्रभाव से 500 रुपए का जुर्माना लगाने की घोषणा की। हालांकि निजी चार पहिया वाहनों नें एक साथ यात्रा करने वाले व्यक्तियों के लिए नियम लागू नहीं होगा।

दिल्ली में लगातार बढ़ रहे केस

राजधानी में गुरुवार को 965 नए कोविड मामले सामने आए। उससे एक दिन पहले यह संख्या 1009 थी। दिल्ली में सक्रिय मामलों ने 3000 का आंकड़ा पार कर लिया है। लगभग तीन हफ्ते पहले जब दैनिक संक्रमण में गिरावट देखी गई थी। तब डीडीएमए ने मास्क नहीं पहनने के लिए जुर्माना हटाने का आदेश जारी किया था। हालांकि लोगों को भीड़-भाड़ वाली जगहों पर इनका इस्तेमाल जारी रखने की सलाह दी थी।

मध्य प्रदेश में राजस्व ग्राम बनाना बड़ा फैसला – अमित शाह

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भोपाल। केंद्रीय गृह एवं सहकारिता मंत्री अमित शाह ने मध्य प्रदेश के 26 जिलों में स्थित 827 वन ग्रामों को राजस्व ग्रामों में परिवर्तन के निर्णय की प्रक्रिया का शुभारंभ रिमोट के माध्यम से किया। वन समितियों के सम्मेलन में केंद्रीय मंत्री अमित शाह ने कहा कि पहली बार देश में कोई राज्य सरकार जंगलों का मालिक जनजाति भाइयों को बनाने का काम कर रही है। पहली बार जंगल से जो भी कमाई होती है। इसका 20 प्रतिशत हिस्सा वन समिति के हाथ में सौंपकर आपको इसका सीधा मालिक बनाने का काम किया है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की जो विचारधारा है गरीब से गरीब को अधिकार मिले, उस स्वप्न को आप साकार करने का काम कर रहे हैं

उन्होंने कहा कि आज एक ही बार में 827 वन ग्रामों को राजस्व ग्रामों को परिवर्तन किया है। ये आपके जीवन में बहुत बड़ा परिवर्तन लाने का फैसला है। राज्य में हमारा भी हिस्सा है इस अधिकार के साथ आज यहां से जा रहे हैं। 2022 के अंत के पहले अपना घर देने का संकल्प प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने किया, हर घर में बिजली पहुंचाने, शौचालय बनाने का काम हो गया है। हर घर में जल, नल से पहुंचाने का प्रयोग शुरू हो गया है जो 2024 तक पूरा हो जाएगा। केंद्रीय मंत्री अमित शाह ने कहा कि दस वर्ष में सकल घरेलू उत्पाद में 200 प्रतिशत की वृद्धि मध्य प्रदेश ने की है। ये रुकने वाले कार्य नहीं है। जितने भी कार्य जनजाति भाइयों के लिए हमने घोषित किए हैं वे सभी पूरे होंगे।

तेंदूपत्ता तुड़वाने के लिए अब 300 रुपये प्रति गड्डी मिलेंगे

कार्यक्रम में सीएम शिवराज सिंह चौहान ने कहा कि तेंदूपत्ता तुड़वाने के अभी ढाई सौ रुपए प्रति सौ गड्डी दिए जाते थे अब वह बढ़ाकर तीन सौ रुपए प्रति सौ गड्डी किए जाएंगे। जो फैसले हमने जबलपुर में किए थे वे एक-एक करके जमीन पर उतार रहे हैं और गरीबों की जिंदगी बदलने का काम कर रहे हैं। 89 जनजतीय ब्लाक में राशन की गाड़ी भेजने कहा था, मुझे कहते हुए खुशी है वह राशन बंटना अधिकांश स्थानों पर प्रारंभ हो गया है।

सीएम शिवराज ने कहा कि पेसा एक्ट क्रमश: मध्य प्रदेश में लागू किया जाएगा, मप्र में यह प्रक्रिया प्रारंभ कर दी गई है। ये जमीन और जंगल आपके हैं, सामुदायिक वन प्रबंधन का अधिकार एक क्रांतिकारी कदम है। जंगल से जो लकड़ी निकलेगी, उसकी आय आप ही प्राप्त करोगे। जंगल बदलने की प्रक्रिया ग्रााम सभा करेगी, मध्य प्रदेश ने अपने वनवासी भाई-बहनों को जंगल सौंपने का काम किया है। वन विभाग केवल सहयोग करने का काम करेगा।

उन्होंने कहा कि अब वन ग्राम राजस्व ग्राम बन जाने से आपके पास जो जमीन है उसके खाते बनेंगे, किस्तबंदी होगी, खसरा-नक्शा आपको प्राप्त होंगे, नामांतरण, बंटवारा होगा। ये अभी तक नहीं होता था, वन ग्राम में रहने वाले किसान भाइयों अब प्राकृतिक आपदा होने पर आपको पर्याप्त मुआवजा देने का अधिकार होगा। तेंदूपत्ते का बोनस बांटने का काम शुरू किया है। आज 125 करोड़ रुपए 22 लाख तेंदूपत्ता तोड़ने वाले गरीबों के खाते में जाना प्रारंभ होगा, लाभांश आपको होगा। सीएम ने कहा, मुझे यह कहते हुए खुशी है कि हमारे जनजातीय भाई-बहनों ने वनों से केवल लाभ प्राप्त नहीं किया बल्कि वनों को जिंदगी को भी संजाने संवारने का भी कार्य किया है। प्रदेश में हरियाली लाने का कार्य किया है।

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का अभिनंदन करता हूं कि उन्होंने प्रधानमंत्री गरीब कल्याण योजना 6 माह के लिए फिर से बढ़ा दी है। मुख्यमंत्री अन्नपूर्णा योजना के तहत 1 रुपये किलो अनाज अलग से मिल रहा है। मध्य प्रदेश में जिन गरीब भाई-बहनों के पास रहने के लिए जमीन नहीं है। उनको मुख्यमंत्री भू आवासीय अधिकार योजना के अंतर्गत रहने की जमीन का पट्टा देकर जमीन का मालिक बनाया जाएगा। प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत 10 हजार करोड़ रु बजट में रखे गए हैं।

केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह ने ली भाजपा नेताओं की बैठक

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भोपाल। भाेपाल पहुंचे केंद्रीय गृहमंत्री कुछ अलग ही अंदाज में दिखाई दिए। बीजेपी कार्यालय जुलूस के रूप में जाते समय वह कार का गेट खाेलकर खड़े हाेकर सभी का अभिवादन स्वीकार करते हुए चल रहे थे। काफीले के दाेनाें तरफ भीड़ काे जमा देख सुरक्षाकर्मी भी दाैड़ते हुए साथ में चल रहे थे। स्वागत करने वालाें में केवल कार्यकर्ता ही नहीं थे, बल्कि महिलाएं भी शामिल थीं। कश्मीरी पंडित, मुस्लिम महिलाओं ने भी केंद्रीय गृहमंत्री का जाेरदार स्वागत किया गया। भाजपा कार्यालय में केंद्रीय मंत्री अमित शाह ने नेताओं की बैठक ली और इसके बाद शाम 7 बजे एयरपोर्ट के लिए रवाना हो गए।

केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह का रोड शो प्रणामी मंदिर से प्रारंभ होकर भाजपा कार्यालय तक पहुंचा। यहां पर पहुंचते ही कार्यकर्ताओं ने गर्मजाेशी से नारेबाजी करते हुए गृहमंत्री का स्वागत किया। भाजपा के तमाम वरिष्ठ नेता भी इस दाैरान बीजेपी मुख्यालय पर माैजूद थे। इससे पहले अमित शाह ने जंबूरी मैदान में आयोजित कार्यक्रम में कहा कि जंगलों का मालिक आदिवासियो को बनाया जा रहा है। मप्र में वन ग्राम को राजस्‍व ग्राम बनाना बड़ा फैसला है। सीएम शिवराज आदिवासियों को समृद्ध बना रहे हैं। मध्यप्रदेश में 21 प्रतिशत अनुसूचित जनजाति की आबादी रहती है। जब तक जनजाती भाइयों-बहनों का कल्याण नहीं होता, प्रदेश का कल्याण नहीं होता। गृहमंत्री ने मुख्‍यमंत्री शिवराज की तारीफ करते हुए कहा कि पहली बार देश में कोई राज्य सरकार जंगलों का मालिक जनजाति भाइयों को बनाने का काम कर रही है। पहली बार जंगल से जो भी कमाई होती है, इसका 20 प्रतिशत हिस्सा वन समिति के हाथ में सौंपकर आपको इसका सीधा मालिक बनाने का काम किया है। आज एक ही बार में 827 वन ग्रामों को राजस्व ग्रामों को परिवर्तन किया है। ये आपके जीवन में बहुत बड़ा परिवर्तन लाने का फैसला है। राज्य में हमारा भी हिस्सा है इस अधिकार के साथ आज यहां से जा रहे हैं। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी जी की जो विचारधारा है गरीब से गरीब को अधिकार मिले, उस स्वप्न को आप साकार करने का काम कर रहे हैं।

यह बात केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह ने भाेपाल में जंबूरी मैदान में आयाेजित वन समितियाें के सम्मेलन काे संबाेधित करते हुए कही। इस अवसर पर केंद्रीय गृहमंत्री ने तेंदूपत्ता संग्राहकों को बोनस की राशि वितरित की। इस मेगा सम्‍मेलन में करीब एक लाख लोग जमा हुए हैं। कार्यक्रम में मंच पर गृहमंत्री अमित शाह के साथ मुख्‍यमंत्री शिवराज सिंह चौहान के अलावा उनके कैबिनेट सहयोगी, केंद्रीय नागरिक उड्ययन मंत्री ज्‍योतिरादित्‍य सिंधिया, केंद्रीय कृषि मंत्री नरेंद्र सिंह तोमर, राज्‍यमंत्री प्रह्लाद सिंह पटेल, फग्‍गन सिंह कुलस्‍ते, निशिथ प्रमाणिक, भाजपा के प्रदेशाध्‍यक्ष वीडी शर्मा, सांसद प्रज्ञा सिंह ठाकुर आदि ने मौजूदगी दर्ज कराई। कार्यक्रम के शुभारंभ के मौके पर सीएम शिवराज ने पौधा भेंट कर गृहमंत्री शाह का अभिनंदन किया। कार्यक्रम स्‍थल पर आदिवासी कलाकारों द्वारा रंगारंग लोकनृत्‍य कार्यक्रम पेश कर गृह मंत्री का स्‍वागत किया।

केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह एंव मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने ‘वन समितियों का सम्मेलन’ में हितग्राहियों को तेंदूपत्ता के लाभांश का वितरण किया। मध्यप्रदेश के 26 जिलों में स्थित 28 वन ग्रामों को राजस्व ग्रामों में परिवर्तन के निर्णय की प्रक्रिया का शुभारंभ रिमोट के माध्यम से किया गया।

गृहमंत्री अमित शाह ने कहा कि मैं शिवराज जी और उनकी टीम को जनजातीय वर्ग के कल्याण के लिए शुरु किए फैसलों के लिए बधाई देता हूँ। प्रदेश सरकार द्वारा जनजातीय हितों के लिए किये गये काम अब रुकने वाले नहीं है।

इससे पूर्व कार्यक्रम में उपस्‍थित जनसमुदाय को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने कहा कि ये जल, जमीन, जंगल आपके हैं। अब जंगल आप ही बचाओगे। जंगल आपको सौंप दिए गए हैं, वन विभाग सिर्फ सहयोग करेगा। जंगल की लकड़ी जितने में बिकेगी, उसका 20 फीसदी आदिवासियों को मिलेगा। वन ग्राम अब राजस्‍व ग्राम बनेंगे। एमपी में कोई बिना जमीन के नहीं रहेगा। गरीबों को जमीन का मालिक बनाया जाएगा। पेसा एक्ट क्रमश: मप्र में लागू किया जाएगा, मप्र में यह प्रक्रिया प्रारंभ कर दी गई है। सामुदायिक वन प्रबंधन का अधिकार एक क्रांतिकारी कदम है। जंगल से जो लकड़ी निकलेगी, उसकी आय आप ही प्राप्त करोगे। जंगल बदलने की प्रक्रिया ग्रााम सभा करेगी, मप्र ने अपने वनवासी भाई-बहनों को जंगल सौंपने का काम किया है। वन विभाग केवल सहयोग करने का काम करेगा। तेंदूपत्ते का बोनस बांटने का काम शुरू किया है। आज 125 करोड़ रुपए 22 लाख तेंदूपत्ता तोड़ने वाले गरीबों के खाते में जाना प्रारंभ होगा, लाभांश आपको होगा। ये अभी तक नहीं होता था, वन ग्राम में रहने वाले किसान भाइयों अब प्राकृतिक आपदा होने पर आपको पर्याप्त मुआवजा देने का अधिकार होगा। अब वन ग्राम राजस्व ग्राम बन जाने से आपके पास जो जमीन है उसके खाते बनेंगे, किस्तबंदी होगी, खसरा-नक्शा आपको प्राप्त होंगे, नामांतरण, बंटवारा होगा। 9 महीने पहले अमित शाह जी जबलपुर आए थे तब हमने हमने जनजाति भाई बहनों की जिंदगी बदलने वाले 14 फैसले किए थे। मैं गर्व से कह रहा हूँ की जो फैसले हमने जबलपुर में किए थे आज एक-एक करके उनको जमीन पर उतार रहे हैं।।

मंत्रियों की लेंगे बैठक

सम्मेलन के बाद अमित शाह प्रदेश भाजपा मुख्यालय पहुंचेंगे। यहां करीब एक घंटे रुकेंगे। इस दौरान प्रदेश के मंत्रियों, पदाधिकारियों और पार्टी के नेताओं की अनौपचारिक बैठक लेंगे। मध्य प्रदेश में विधानसभा चुनाव के मद्देनजर शाह कुछ टिप्स भी देंगे।

79 साल की उम्र में अमिताभ बच्चन ने ट्राई किया टाइगर श्रॉफ वाला स्टंट

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अमिताभ बच्चन बॉलीवुड के सबसे बड़े स्टार है। अपने एक्टिंग करियर के शुरुआती दिनों में उन्हें एंग्री यंग मैन कहा जाता है। यह टैग आज भी कायम है। उन्होंने अपने करियर के इन सभी दशकों में जो हासिल किया है। उसके करीब कोई नहीं आ सकता है। सीनियर बच्चन जवानी के दिनों में स्टंट के लिए भी जाने जाते हैं। हालांकि वह अब फिल्मों में एक्शन करते नजर नहीं आते है। इसका मतलब यह नहीं कि वह उन्हें अब नहीं कर सकते।

टाइगर श्रॉफ ने किया मोटिवेट

अमिताभ बच्चन ने 79 साल की उम्र में यह साबित कर दिया है। ऐसा कुछ भी नहीं जो वह अब नहीं कर सकते। उन्होंने हाई किक मारकर यह साबित किया है। अंदाजा लगाइए कि उन्हें ऐसा करने के लिए किसने मोटिवेट किया। यह कोई और नहीं बल्कि हीरोपंती 2 का अभिनेता टाइगर श्रॉफ हैं।

पोस्ट पर लिखा मजेदार कैप्शन

अमिताभ ने गुरुवार को सोशल मीडिया पर एक फोटो शेयर की है। जिसमें वह किक करते दिखाई दे रहे हैं। उन्होंने कैप्शन में लिखा कि टाइगर श्रॉफ को ऐसे फ्लेक्सिबल किक मारकर लाइक्स देखने के बाद मैंने सोचा मैं भी ट्राई करूं। उम्मीद है कि मुझे थोड़े लाइक्स मिलेंगे।

ब्रिटिश PM पर भी चढ़ा बुलडोजर का बुखार

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भारत में आते ही ब्रिटेन के प्रधानमंत्री बोरिस जॉनसन पर भी जेसीबी का बुखार चढ़ता दिख रहा है। अपनी गुजरात यात्रा के दौरान जब को JCB फैक्ट्री के दौरे पर गये तो उन्हें ये बुलडोजर इतना पसंद आया कि उन्होंने ना सिर्फ ड्राइवर सीट पर बैठकर इसजा जायजा लिया, बल्कि उसके दरवाजे पर खड़े होकर फोटो भी खिंचवाई। बुलडोजर को लेकर भारत में चल रहे ताजा विवाद के बीच उनकी ये तस्वीर सोशल मीडिया पर काफी वायरल हो रही है। प्रधानमंत्री बोरिस जॉनसन, गुजरात के मुख्‍यमंत्री भूपेंद्र पटेल के साथ पंचमहाल के हलोल जीआईडीसी में जेसीबी कारखाने का दौरा कर रहे थे।

इसके बाद पीएम जॉनसन ने गुजरात के मशहूर अक्षरधाम मंदिर का भी दौरा किया और वहां के पुजारियों के साथ तस्वीरें खिंचवाईं। पीएम जॉनसन, गुरुवार सुबह ही भारत पहुंचे हैं। अहमदाबाद हवाई अड्डे पहुंचने पर राज्यपाल आचार्य देवव्रत और मुख्‍यमंत्री भूपेंद्र पटेल ने उनका स्वागत किया। माना जा रहा है कि ब्रिटिश पीएम के इस दौरे का उद्देश्य भारत के साथ संबंधों को मजबूत करना और व्यापार में आ रही बाधाओं को दूर करना है।

गुजरात दौरे में प्रधानमंत्री बोरिस जॉनसन ने बिजनेस टाइकून गौतम अडानी से भी मुलाकात की। उनकी यात्रा पर गौतम अडानी (Gautam Adani) ने ट्वीट करते हुए कहा कि अडानी मुख्‍यालय में आनेवाले ब्रिटेन के पहले प्रधानमंत्री की मेजबानी कर सम्‍मानित महसूस कर रहा हूं। गौतम अडानी ने अपने ट्वीट में आत्‍मनिर्भर भारत हैश टैग को भी जोड़ा और कहा कि हम ब्रिटिश कंपनियों के साथ रक्षा और एयरोस्पेस प्रौद्योगिकियों के क्षेत्र में सह-निर्माण के लिए काम करेंगे।